मूलांक व्यक्ति के जन्म की तारीख का योग होता है अर्थात जिस तारीख को आपका जन्म हुआ होगा उस तारीख का योग ही आपका मूलांक कहलाता है। अगर आपका जन्म 1 से 9 तारीख के बीच हुआ है तो आपका मूलांक यही होगा। वही अगर 10 से 31 के बीच किसी तारीख को आपका जन्म हुआ है तो इन दोनों अंको का योग ही आपका मूलांक कहलाता है। जैसे यदि आपकी जन्म 10 तारीख को हुआ है तो आपका मूलांक 1 होगा।
स्वभाव
इस मूलांक से प्रभावित जातक सहयोगी भावना प्रधान एवं बुद्धिमान होते हैं। लक्ष्य प्राप्ति अत्याधिक श्रम संघर्ष के बाद विलंब से होती है। ये जातक सदैव ही अनिश्चय के वातावरण में जूझते रहते हैं। 38 वें वर्ष तक जीवन में उथान पतन बना ही रहता है। 40 वें वर्ष के बाद ये जातक उन्नति की ओर अग्रसर होते हैं। जीवन का उत्तरकाल सुख शांतिमय व्यतीत होता है।
आगामी वर्ष की सफलताएं
यह वर्ष महत्वाकांक्षाओं की पूर्ति में सहायक रहेगा। समाज में मान प्रतिष्ठïा बढ़ेगी। आर्थिक क्षेत्र में उन्नति होगी। इस वर्ष आकस्मिक धन प्राप्ति का योग घटित होगा। आत्मबल बढ़ा चढ़ा रहेगा। विरोधी परास्त होंगे। अधिकांश भौतिक इच्छाओं की पूर्ति होगी। परिवार में मांगलिक कार्य होंगे। नाते रिश्तेदारों का सहयोग मिलेगा। संतान पक्ष से सुख मिलेगा। रोजगारपरक परीक्षाओं में सफलता एवं इंजीनियरिंग, चिकित्सा, सेना, पुलिस, वकालत, केमिस्ट, बैंक आदि क्षेत्रों में करियर बनाने में सफलता मिलेगी। व्यावसायिक दृष्टिï से वर्ष लाभकारी रहेगा। व्यवसाय का नए क्षेत्रों में विस्तार होगा। जमा पूंजी में वृद्धि होगी। सरकारी या अर्धसरकरी क्षेत्र में सेवारत जातकों को प्रमोशन या अनुकूल स्थानान्तरण का लाभ मिलेगा। इस वर्ष स्वास्थ्य का ध्यान रखना शुभ रहेगा।