ब्यूरो/अमर उजाला/सेलाकुई।
शीशमबाड़ा स्थित सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट प्लांट से उठ रही दुर्गंध का विवाद थमने का नाम नहीं ले रहा है। बुधवार को मुख्यमंत्री से मिलने सुद्धोवाला पहुंचीं महिलाओं का पुलिस के साथ खींचातानी हुई। इस दौरान महिला आशा कंडारी के हाथ में चोट लग गई। मामला गंभीर होता इससे पहले प्रशासनिक अधिकारियों ने चार महिलाओं की मुख्यमंत्री के साथ बैठक करवाई। महिलाओं और मुख्यमंत्री के साथ बातचीत होने के बाद मामला शांत हो पाया।
जानकारी के अनुसार बुधवार को मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत का सुद्धोवाला में एक कार्यक्रम था, जिसमें सहसपुर विधायक सहदेव सिंह पुंडीर भी पहुंचे थे। ऐसे में शीशमबाड़ा प्लांट से उठ रही दुर्गंध का विरोध कर रही करीब 20-25 महिलाएं मुख्यमंत्री और विधायक से मिलने के लिए सिटी बस में पहुंच गई। खुफिया विभाग को जब इसकी भनक लगी तो उन्होंने इसकी सूचना आला अधिकारियों को दी। महिलाएं मुख्यमंत्री तक पहुंचती, इससे पहले ही पुलिस ने घेराबंदी करके महिलाओं को सुद्धोवाला में ही घेर लिया। महिलाओं ने सीएम से बात करने की जिद की, लेकिन पुलिस ने महिलाओं को आगे जाने नहीं दिया। महिलाओं का विरोध जब बढ़ने लगा तो स्थिति को भांपते हुए प्रशासनिक अधिकारियों ने चार महिलाओं की सीएम से मुलाकात करवाई। महिलाओं ने मुख्यमंत्री से कहा कि प्लांट से उठने वाली दुर्गंध से उनका जीना दूभर हो गया है। क्षेत्र में बीमारियां फैलने का खतरा बना हुआ है, इसलिए इस मामले की तरफ ध्यान दिया जाना चाहिए। बातचीत के बाद महिलाओं ने मुख्यमंत्री को ज्ञापन भी सौंपा। इस दौरान बीना बमराड़ा, रेखा भट्ट, कुसुम भट्ट, राधा कटहर, हेमवती भट्ट, लक्ष्मी, पुष्पा रतूड़ी, सुनीता, सपना शर्मा, सरिता चौहान, कविता गुप्ता मौजूद रहे। उधर, पत्रकारों से बातचीत करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि शीशमबाड़ा की जो भी समस्याएं हैं, उन्हें पहलता के आधार पर हल कर लिया जाएगा।
पहले विधायक के निवास पर धरना देने की थी योजना
मंगलवार को हाईवे जाम, तालाबंदी और गिरफ्तारी प्रकरण के बाद धरना दे रहे स्थानीय लोगों ने विधायक के निवास पर धरना देने की योजना बनाई थी, लेकिन विधायक सहदेव सिंह पुंडीर मुख्यमंत्री के कार्यक्रम में होने के चलते उन्हें योजना स्थगित करनी पड़ी। इसके बाद मुख्यमंत्री से मिलने की योजना बनाई।