एप डाउनलोड करें
विज्ञापन

बच्चे के जन्म के बाद पता चलेगा, कौन है इसका बाप!

अमर उजाला, नई टिहरी Updated Sun, 27 Apr 2014 10:37 PM IST
विज्ञापन
विज्ञापन

Next Article

टिहरी के घनसाली थाना क्षेत्र में हवस का शिकार बनी नाबालिग मंदबुद्धि की छात्रा का रविवार को डीएनए सैंपल नहीं लिया जा सका। बताया गया कि डाक्टरों ने छात्रा के पेट में पल रहे गर्भ का डीएनए सैंपल की बात कही है।
और पढ़ें
विज्ञापन
विज्ञापन


पढ़ें, चुनावी चुनौती: सांसद के गांव में लगा ताला

छात्रा के परिजनों ने बताया कि डाक्टरों ने कहा कि पेट में पल रहे बच्चे का डीएनए सैंपल ऐसे नहीं लिया जा सकता।

शनिवार को पुलिस गर्भवती छात्रा का जिला चिकित्सालय बौराड़ी में मेडिकल करवाने के बाद डीएनए सैंपल के लिए दून चिकित्सालय ले गए थे।

बिना जन्म के नहीं हो सकेगा ‌डीएनए सैंपल

परिजन शनिवार और रविवार को दून चिकित्सालय के चक्कर लगाते रहे। लेकिन डीएनए सैंपल नहीं लिया जा सका। पीड़िता के मां ने बताया कि रविवार को अवकाश के चलते पहले तो चिकित्सक आए नहीं।

पढ़ें, कब तक रहेगा गंगोत्री को रोशनी का इंतजार?

अनुरोध करने पर दून के एक डाक्टर ने यह कहते हुए जौलीग्रांट रैफर कर दिया कि बिना आपरेशन या बच्चें के जन्म से पहले डीएनए सैंपल लेने की तकनीकी अस्पताल में मौजूद नहीं है।

इसके बाद परिजन छात्रा को लेकर हिमालयन अस्पताल जौलीग्रांट पहुंचे। वहां भी चिकित्सकों ने बिना आपरेशन किए बच्चें का डीएनए नहीं ले पाने की बात कही।

अभी भी आजाद घूम रहा है आरोपी

डॉक्टरों के इनकार के बाद परिजन दुविधा में हैं कि सात माह के गर्भ का कैसे ऑपरेशन कराया जाए। पीड़ित परिजन तीन दिन से थाना एवं अस्पताल में भूखे-प्यासे घूम रहे हैं, और आरोपी शिक्षक अभी भी पुलिस गिरफ्त से बाहर है।

पढ़ें, चुनावी चुनौती: सांसद के गांव में लगा ताला

घनसाली के थानाध्यक्ष मो. अकरम ने बताया कि मंगलवार को छात्रा का अल्ट्रासांउड करवाने के बाद मजिस्ट्रेट के सामने 164 के बयान दर्ज करवाएं जाएगें। उन्होंने बताया कि जल्द ही आरोपी पुलिस गिरफ्त में होगा।
विज्ञापन
Next
एप में पढ़ें