धर्मनगरी हरिद्वार में हरकी पैड़ी क्षेत्र के मालवीय द्वीप पर कूडे़ के ढेर में करीब आठ वर्षीय विकलांग रोता हुआ मिला है। मासूम केवल अपना और पिता का नाम ही बता पा रहा है।
सोमवार देर शाम कूड़ा बीनने वाले युवकों ने कूडे़ के ढेर से रोने की आवाज सुनी। नजदीक जाने पर उन्होंने एक बच्चे को रोते हुए देखा। कूडे़ के ढेर से बच्चे को निकालकर उन्होंने हरकी पैड़ी पुलिस चौकी पहुंचाया।
पुलिस ने जब उससे जानकारी ली तो वह अपना नाम मंजीत पुत्र नरेश निवासी हरियाणा ही बता पाया।
टीम हरियाणा भेजी जा रही है
चौकी प्रभारी मोहन सिंह ने बताया कि मासूम के पैर और एक हाथ ठीक से काम नहीं कर रहे हैं। बच्चा चल भी नहीं पाता। हरियाणा में बच्चा कहां का रहने वाला है इसके बारे में उसे कोई जानकारी नहीं है।
चौकी प्रभारी ने बताया कि बच्चे को मजिस्ट्रेट के सामने पेश किया जा रहा है। उसके बाद अग्रिम कार्रवाई की जाएगी। परिजनों का पता लगाने के लिए एक टीम हरियाणा भेजी जा रही है।
...तो विकलांग होने पर छोड़ा
पुलिस की मानें तो विकलांग होने के कारण ही शायद बच्चे को परिजन यहां छोड़ गए होंगे। बच्चे ने पुलिस को बताया कि उसके माता-पिता सोमवार को उसे लेकर यहां पहुंचे थे।
उसे नींद आ गई उसके बाद वह कहां गए, पता नहीं। चौकी प्रभारी मोहन सिंह का मानना है कि संभवत परिजन बच्चे से छुटकारा पाना चाहते होंगे।