शहर में सफाई व्यवस्था को बनाने में डोर-टू-डोर कूड़ा उठाने वाली कंपनी डीवीडब्ल्यूएम नाकाम साबित हो रही है। कंपनी का कहना है कि उसे जो वाहन उपलब्ध कराए थे। उनमें से अधिकांश खराब हो गए हैं। वहीं शहर में सफाई की व्यवस्था बेहद खराब हो जाने से अब निगम ही इन वाहनों की मरम्मत कराकर कंपनी को देगा। इस संबंध में मेयर ने एक बैठक बुधवार शाम को बुलाई है।
मेयर ने कहा हाल ठीक नहीं
खुद मेयर विनोद चमोली भी मानते है कि शहर में सफाई व्यवस्था का हाल ठीक नहीं है। वह इसे अधिकारियों और कंपनी की लापरवाही बताते हैं। लेकिन कंपनी का दावा है कि उसे डोर-टू-डोर कूड़ा उठान के लिए जो वाहन दिए गए थे। उनमें से दस खराब पड़े हुए है। उनके पास इतना बजट नहीं है कि वह उनकी मरम्मत करा सके।
वाहनों की कमी
वाहनों की कमी के कारण शहर में कई जगह वह कूड़ा नहीं उठा पा रहे हैं। मेयर विनोद चमोली ने बताया निगम ही अब वाहनों की मरम्मत कर कंपनी को देगा। अगर फिर भी सफाई व्यवस्था नहीं सुधरी तो फिर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
सुअर दिखते ही मुकदमा
अगर सुअर पाले हैं तो उन्हें खुला न छोड़ें। बोर्ड बैठक में तय किया गया है कि अगर सड़कों पर आवारा घुमते सुअर दिखे तो नगर निगम इनके मालिकों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराएगा। पिछले बहुत दिनों से निगम में शिकायत आ रही थी कि सड़कों व गलियों में सुअर खुलेआम घुमते रहते हैं। जिससे आम लोगों को बहुत दिक्कत होती है। उसके बाद यह निर्णय लिया गया।