पंचकूला। हुडा के पीले पंजे से घबराए ओल्ड पंचकूला के दुकानदार शनिवार सुबह फिर से विधायक डीके बंसल के आवास पर पहुंच गए। काफी देर तक वे वहां पर बैठे रहे। बाद में पता चला कि विधायक नहीं आ पाएंगे। फोन पर बातचीत की तो विधायक ने आश्वासन दिया कि उनकी मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा से बातचीत हो गई है। मुख्यमंत्री का कहना है कि जब तक दुकानदारों को वैकल्पिक जगह नहीं मिलती, तब तक उन्हें नहीं हटाया जाएगा। इस आश्वासन के बाद वे वापस लौट गए। फिलहाल, उन्होंने अपनी दुकान बंद करने का फैसला लिया है। पुराना शॉपकीपर वेलफेयर एसोसिएशन के प्रधान अशोक सूद का कहना है कि रविवार सुबह विधायक बंसल अपनी कोठी में आएंगे। उनसे बातचीत करने के बाद दुकान खोलने पर विचार किया जाएगा। हुडा के संपदा अधिकारी अश्विनी शर्मा ने बताया कि ओल्ड पंचकूला से दुकान हटाने के लिए अब आला अधिकारियों की मीटिंग में फैसला लिया जाएगा। शनिवार को फोर्स उपलब्ध नहीं हो पाई थी, इसलिए अभियान को रोकना पड़ा था। वीरवार को मुनादी के जरिए हुडा ने लोगों को बताया था कि यदि अधिग्रहीत जमीन से दुकानदारों ने कब्जा नहीं हटाया तो शनिवार के बाद उन्हें वहां से हटा दिया जाएगा।
इनेलो दुकानदारों के पक्ष में आई
इनेलो विधायक प्रदीप चौधरी ने कहा कि सरकार की नीतियों की वजह से लोगों को परेशान होना पड़ रहा है। पंचकूला बसने से पहले ये लोग यहां पर रह रहे हैं। बरसात के दिनों में रोजी-रोटी छीनना घिनौना कार्य है। जब तक वैकल्पिक जगह नहीं मिलती तब तक दुकानें नहीं छीननी चाहिए। पार्टी के शहरी जिला अध्यक्ष मनोज अग्रवाल ने कहा कि सरकार की नीति ही ऐसी है। गरीबों को उजाड़ों और अमीरों को कौड़ियों के भाव में जमीन दे दो। सरकार जल्द से जल्द वैकल्पिक जगह की व्यवस्था करे, वरना पार्टी आंदोलन करेगी।