रोहतक। बॉलीवुड एक्टर और हिसार के लाल यशपाल शर्मा ने हरियाणवी फिल्म बनाने की इच्छा जाहिर करते हुए कहा कि अगर समय और माहौल ने साथ दिया तो वे जल्द ही किसी ज्वलंत मुद्दे पर आधारित हरियाणवी फिल्म बनाएंगे। यशपाल शर्मा वीरवार को कैनाल रेस्ट हाउस में पत्रकारों से बातचीत कर रहे थे। उन्होंने कहा कि कला, संस्कृति और अच्छे कलाकारों के मामले में हरियाणा में अपार संभावनाएं हैं। वे अब तक हरियाणा के कई जिलाें में घूम चुके हैं और हरियाणा के युवाओं में उन्हें काफी प्रतिभा दिखती है। उन्होंने कहा कि पूरे हरियाणा में घूमने के बाद उन्हें कला क्षेत्र में सबसे अधिक संभावनाएं रोहतक में लगी हैं। न्होंने कहा कि हरियाणा में प्रतिभा की कोई कमी नहीं है। जरूरत केवल उन्हें सही दिशा देने की है। हमारे प्रदेश के कलाकारों की सोच दूसराें के मुकाबले कुछ हद तक सीमित है। हमारे कलाकार सोचते हैं कि उन्हें यहीं रहकर सब कुछ करना है, जिसके कारण वे आगे नहीं बढ़ पाते हैं। उन्होंने कहा कि हरियाणा के कलाकारों और फिल्म इंडस्ट्री को आगे लाने के लिए हमें द्वेष और ईर्ष्या की भावना को छोड़कर साथ काम करना होगा।
आठ नाटकों पर चल रहा है काम : शर्मा
उन्होंने कहा कि हरियाणा फिल्म इंडस्ट्री संघर्ष के समय से गुजर रही है। यहां चंद्रावल जैसी फिल्में बनाने के लिए कोई आगे नहीं आ पाता है, जिसके चलते दर्शकों की सोच में भी बदलाव आ गया है। उन्होंने कहा कि हरियाणवी फिल्म इंडस्ट्री को उबारने के लिए कई लोग आगे आ रहे हैं और उन्हें यकीन है कि जल्द ही फिल्म इंडस्ट्री में कई हरियाणवी फिल्म देखने को मिलेगी। यशपाल शर्मा ने कहा कि पिछले लगभग 8 साल से उन्होंने चुनिंदा प्रोजेक्टों पर काम करना शुरू किया है। फिल्मों के साथ-साथ थिएटर और नाटक भी करने लगा हूं। उन्होंने कहा कि फिलहाल मैं विभिन्न लेखकों द्वारा लिखे गए आठ नाटक कर रहा हूं और योजना है कि अगले तीन महीने में इन नाटकों में किसी नाटक का मंचन रोहतक में भी हो।
जीआईटीएस में बेहतरीन इन्फ्रास्ट्रक्चर
जीआईटीएस के बारे में उन्होंने कहा कि जिस तरह का बेहतरीन परिसर रोहतक में बनाया गया है, वैसा परिसर नेशनल स्कूल आफ ड्रामा में भी नहीं है। जीआईटीएस में लगभग हर पहलू का ध्यान रखा गया है। एक्टिंग के विद्यार्थियों के बारे में यशपाल शर्मा ने कहा कि पिछले कई दिनों से वे एफटीआई में विद्यार्थियों को एक्टिंग सिखा रहे हैं। इस दौरान उन्हें 9 विद्यार्र्थी ऐसे लगे हैं, जिनमें कुछ करने की इच्छा है और उनसे एक्टिंग के क्षेत्र मेें बहुत कुछ करवाया भी जा सकता है। इस अवसर पर मल्टी आर्ट कल्चर के उपनिदेशक विश्वदीपक त्रिखा, समन्वयक गजेंद्र फौगाट, एफटी आर्ट्स से एआर दलाल, दुष्यंत और एआईपीआरओ सुखवीर फौगाट आदि उपस्थित रहे।