बहुजन समाज पार्टी (बीएसपी) और कांग्रेस ने गोरक्षा के नाम पर दो मुस्लिम महिलाओं की पिटाई की घटना पर राज्यसभा में जमकर हंगामा किया। बुधवार को सदन की कार्यवाही शुरू होते ही बसपा प्रमुख मायावती ने उपसभापति से कहा कि गुजरात में गोरक्षा के बहाने दलितों के अत्याचार के बाद मध्य प्रदेश में दो महिलाओं को प्रताड़ित किया गया है।
मंदसौर रेलवे स्टेशन पर हुई इस घटना पर गंभीर नाराजगी जताते हुए मायावती ने कहा कि कथित गोरक्षकों ने पुलिस की मौजूदगी में महिला की पीटाई की। एक तरफ तो भाजपा बच्चियों और महिलाओं की सुरक्षा की बात करती है और दूसरी तरफ गुंडों को उनके पीछे छोड़ देती है। गौरतलब है कि गुजरात और मध्य प्रदेश में भाजपा की सरकार है।
मायावती ने संसदीय कार्य राज्य मंत्री मुख्तार अब्बास नकवी को उनके धर्म की महिला पर हुए प्रहार पर बयान देने की चुनौती भी दी। कांग्रेस सांसद आनंद शर्मा ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी चाय पर चर्चा और मन की बात करते हैं, लेकिन गोरक्षा के नाम पर दलितों पर हो रहे अत्याचार के मामलों में उन्होंने चुप्पी साध रखी है। बयान खत्म होने के बाद बसपा और कांग्रेस के सांसद सभापति की कुर्सी के पास पहुंच कर सरकार विरोधी नारे लगाने लगे।
विज्ञापन
क्या है मामला
मध्य प्रदेश के मंदसौर में बीफ के शक में दो मुस्लिम महिलाओं सलमा और शमीम के साथ मारपीट की गई। ये दोनों महिलाएं रतलाम जिले के जावरा से 30 किलो मांस लेकर मंदसौर रेलवे स्टेशन पहुंची थीं तभी कुछ महिलाओं ने उनके साथ मारपीट की। मौके पर मौजूद पुलिस ने बीच बचाव का प्रयास किया लेकिन वह महिलाओं को पिटने से नहीं बचा सकी।
बाद में जांच में पता चला कि मांस भैंसे का था। जानकारी के अनुसार यह घटना मंगलवार दोपहर की है। गौ माता की जय के नारे लगाने वाले कुछ लोगों ने इन दोनों महिलाओं की पिटाई कर दी। स्टेशन पर मौजूद अन्य लोगों ने इसका वीडियो बनाकर स्थानीय स्तर पर अपलोड कर दिया। वीडियो में पुलिस भी दिखाई दे रही है, लेकिन वह मारपीट को रोक नहीं सकी।
मध्य प्रदेश के गृह मंत्री ने कहा, पुलिस कस्टडी में नहीं हुई पिटाई
प्रध्य प्रदेश के गृह मंत्री भूपेंद्र सिंह ने इस बात से इनकार किया कि महिला यात्रियों ने पुलिस कस्टडी में दो महिलाओं की पिटाई की है। उन्होंने कहा कि झगड़े के दौरान वहां मौजूद पुलिस कर्मियों ने उन दोनों महिलाओं को बचाया। अगर उन दो महिलाओं ने किसी आपत्तिजनक बात की शिकायत की होती तो हम जांच करवाते और सुनिश्चित करते कि दोषियों को सजा हो।