जम्मू। सीजेएम जम्मू एसआर गांधी ने पूर्व राज्यमंत्री और डोडा विधानसभा क्षेत्र के मौजूदा विधायक अब्दुल मजीद वानी, अब्दुल सुभान, गुलाम अहमद वानी, अब्दुल करीम वानी निवासी डोडा के खिलाफ गैर जमानती वारंट जारी किए।
गैर जमानती वारंट 12 जुलाई 1993 को फारेस्ट एक्ट की धारा 6 में दर्ज की गई एफआईआर के तहत जारी किए गए। कोर्ट में उनकी मौजूदगी हो इसके लिए वारंट जारी किए। रेंज आफिसर मरम्मत फारेस्ट रेंज डोडा के एसपी से मिला और रिपोर्ट दी। इस रिपोर्ट में बताया गया बेहोटा ब्लाक आफिसर ने बताया उक्त सभी आरोपी स्टेट फारेस्ट कारपोरेशन के ठेकेदार हैं। इन ठेकेदारों के 300 मजदूर अचानक मरमत के कंपार्टमेंट नंबर 31, 35, 37 में आए और अवैध तरीके से हरे भरे पेड़ों की कटाई शुरू कर दी। बिना नंबर के पेड़ों को भी काट लिया गया। जबरन काटे गए इन पेड़ों से वन संपदा को काफी नुकसान हुआ है। रेंज आफिसर ने फील्ड आफिसरों को पुलिस फोर्स भी मुहैया कराने की पुलिस से अपील की, ताकि इस ठेकेदारों द्वारा की जा रही अवैध कटाई को रोका जा सके। इस शिकायत पर पुलिस स्टेशन डोडा ने मामला दर्ज करके डोडा के विधायक अब्दुल मजीद वानी, उसके पिता गुलाम अहमद वानी, भाई अब्दुल करीम वानी समेत 11 लोगों के खिलाफ डोडा की सीजेएम कोर्ट में चालान पेश कर दिया। हाईकोर्ट ने इस केस को डोडा सीजेएम अदालत से जम्मू की सीजेएम अदालत में शिफ्ट कर दिया। जब हाई प्रोफाइल लोग कोर्ट में पेश नहीं हुए तो अगली तारीख पर इनकी मौजूदगी सुनिश्चित करने के लिए गैर जमानती वारंट जारी कर दिए। इन वारंट को आईजीपी जम्मू को भेजा और इसे तामील करने के आदेश दिए। जेएनएफ