राजोरी। बाबा गुलाम शाह बादशाह यूनिवर्सिटी में हुई रैगिंग का दूसरा आरोपी अब भी फरार है। पुलिस ने छात्र के पिता को उसे पुलिस स्टेशन में हाजिर करने को कहा था, जिस पर उसने हां भी कर दी। इसके बावजूद शनिवार को छात्र का पिता उसे लेकर पुलिस स्टेशन नहीं पहुंचा। वहीं पुलिस जांच में यह भी सामने आया है कि पकड़े गए आरोपी छात्र पर पहले भी रैगिंग के आरोप लग चुके हैं।
एसपी मुब्बसर लतीफी ने बताया कि रैगिंग मामले में जांच की जा रही है। छात्र साहिल सेहराज के खिलाफ रैगिंग और सुरक्षा अधिकारी से मारपीट करने का मामला दर्ज है, जबकि शोहराब के खिलाफ रैगिंग का मामला दर्ज है। साहिल को तो पुलिस ने शुक्रवार को पकड़ लिया था, जबकि शोहराज अब भी फरार है। उन्होंने बताया कि छात्रों ने कहा कि उनके कपड़ों को लेकर रैगिंग की गई थी। बोला गया था कि जो कपड़े उन्होंने पहने हैं, वो चेंज कर आएं। इसी बात पर सीनियर छात्रों ने उनको प्रताड़ित किया औैर मारपीट की। लतीफी का यह भी कहना है कि विवि प्रशासन के अनुसार, आरोपी छात्र साहिल मेहराज पर पहले भी विवि में रैगिंग करने का आरोप लगा है। विवि में रैगिंग होने की सूचना भी उनके नोटिस में नहीं थी। विवि प्रशासन अपने स्तर पर ही इसे निपटा लेता है।
इस घटनाक्रम पर दूसरे दिन भी विवि के उपकुलपति प्रोफेसर इरशाद अहमद हमाल ने कुछ नहीं बताया। उन्होंने कहा कि वह मंगलवार के बाद विवि पहुंचेंगे उसके बाद ही कुछ कहा जा सकता है। इधर, रजिस्ट्रार मोहम्मद राशिद से बात करने पर उन्होंने रैगिंग के किसी मामले के होने से इंकार कर दिया, लेकिन यह पूछने पर कि विवि की शिकायत पर तो रैगिंग का मामला दर्ज हुआ है। उन्होंने कहा कि सिर्फ सुरक्षा अधिकारी मीर हुसैन के साथ मारपीट हुई थी। छोटी-मोटी रैगिंग का भी मामला है, लेकिन इसकी जांच की जा रही है। विवि में सेंट्रल एंटी रैगिंग कमेटी के हेड एवं चीफ प्रोक्टर डा. हाजी असगर इस मामले की जांच कर रहे हैं। जब उनके पास रिपोर्ट आएगी तब वह कुछ कह सकते हैं। जांच कर रहे डा. हाजी असगर ने भी मंगलवार तक छुट्टी का हवाला देकर इस मामले पर कोई बात नहीं।