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अविकसित पर्यटन स्थलों को सलाहकार एजेंसी नियुक्त

Jammu Updated Thu, 04 Jul 2013 05:31 AM IST
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जम्मू। केंद्र सरकार के पर्यटन मंत्रालय ने रियासत के पर्यटन विकास के लिए एक निजी कंपनी को सलाहकार एजेंसी को नियुक्त किया है। इन्फ्रास्ट्रक्चर लीजिंग एंड वित्तीय सर्विसेज लिमिटेड नामक एजेंसी रियासत के अविकसित पर्यटन स्थलों की पहचान कर उसके विकास के लिए सुझाव देगी। जम्मू कश्मीर की अर्थव्यवस्था को मजबूत करने में पर्यटन और पनबिजली की अहम भूमिका को रेखांकित करते हुए केंद्र ने एक कार्य योजना बनाई है। इस एक्शन प्लान को लागू करने के क्रम में अब तक अविकसित पर्यटन स्थलों का विकास किया जाना है।
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सनद रहे कि पिछले साल रियासत में लगभग 13 लाख देशी-विदेशी पर्यटक आए थे। रियासत और केंद्र सरकार वैसे देशों के संपर्क में है, जिसने अपने नागरिकों को आतंकी घटनाओं के मद्देनजर जम्मू कश्मीर नहीं आने की सलाह दी थी। हालांकि हाल के दिनों में आतंकवादी घटनाओं में बढ़ोतरी से इस प्रयास को झटका लगा है। पिछले दस दिनों में आठ सुरक्षा बल के जवान शहीद हुए हैं। पुलिस पर हमले की घटनाएं भी बढ़ी हैं और सुरक्षा बलों की गोली से दो युवकों की भी मौत हो चुकी है। इन घटनाओं के बावजूद मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला अफस्पा की आंशिक वापसी के लिए केंद्र से बातचीत जारी रखने की बात कह रहे हैं लेकिन आतंकी घटनाओं ने पर्यटकों की आमद को प्रभावित किया है।
पर्यटन मंत्री जी ए मीर कहते हैं कि अविकसित स्थलों में इन्फ्रास्ट्रक्चर विकसित करने के लिए सरकार ने प्रयास शुरू किए हैं। कई स्थानों पर पर्यटकों के लिए आवास की सुविधा भी कम है। दूधपथरी, मनसंबल, वुलार, अहरबल, टंगमर्ग और सोनमर्ग जैसे स्थलों में सुविधाएं विकसित कर बड़ी संख्या में पर्यटकों को आकर्षित किया जा सकता है। वर्तमान में सोनमर्ग में पर्यटकों के लिए होटलों में लगभग 400 कमरे ही उपलब्ध हैं, जिससे दिक्कतें होती हैं। इस कारण पर्यटक सोनमर्ग में ठहरने के बजाय वापस श्रीनगर लौट आते हैं।
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दूधपथरी और अहरबल में आवास की सुविधा का अभाव है। टूरिस्ट स्थलों को विकसित कर उन्हें पर्यटन के मानचित्र पर लाने की योजना पर काम शुरू हुआ है। वैसे इसके लिए मास्टर प्लान अब तक नहीं बन पाया है। पर्यटन क्षेत्र का सकल घरेलू उत्पाद में मात्र आठ प्रतिशत हिस्सा ही रहा है, जिसमें बढ़ोतरी संभव है। गुलमर्ग के गंडोला के आधुनिकीकरण के लिए सरकार ने दो दिन पहले विशेषज्ञों की एक कमेटी गठित की है। टंगमर्ग का विकास कर गुलमर्ग आने वाले पर्यटकों के लिए सुविधाओं बढ़ाने की भी योजना बनाई गई है।
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