बहराइच। जनपद के प्रभारी मंत्री स्वामी प्रसाद मौर्य ने पत्रकारों से बात करते हुए विधायक बलहा अक्षयबर लाल गोंड की अनाज घोटाले की शिकायत को दरकिनार कर दिया। कहा कि साक्ष्यों के साथ लिखित शिकायत मिलने पर ही विधायक की बात को सही माना जा सकता है। वैसे शिकायत गलत है।
डाक बंगले में पत्रकार वार्ता के दौरान प्रभारी मंत्री स्वामी प्रसाद मौर्य के सामने बलहा विधायक व भाजपा के प्रदेश उपाध्यक्ष अक्षयबर लाल गोंड द्वारा मंगलवार को तहसील दिवस में शिकायतों को रखे जाने का सवाल पूछा गया।
विधायक ने डीएम माला श्रीवास्तव के सामने जिले में लगभग दस करोड़ रुपये का अनाज घोटाला होने की आशंका जताते हुए जांच की मांग की थी। वहीं कुछ अफसरों पर उनकी बातों को अनसुना करने व उपहास उड़ाने की बात की थी।
जिस पर प्रभारी मंत्री ने कहा कि विधायक बलहा की बात को अफसर नहीं सुन रहे। इसके बारे में उनसे बात कर दर्द जाना जाएगा। प्रभारी मंत्री ने जिले में अनाज घोटाला होने की बात से इंकार किया।
उन्होंने कहा कि विधायक अपनी बात को लिखित रूप में दें, तभी उनकी शिकायत को सही माना जाएगा। लिखित शिकायत के साथ घोटालों से जुड़े साक्ष्य भी दिया जाना जरूरी होगा।
जनपद के प्रभारी मंत्री स्वामी प्रसाद मौर्य ने सपा और बसपा के गठबंधन पर जमकर चुटकी ली। डाक बंगले में प्रभारी मंत्री ने पत्रकारों से बातचीत में कहा कि पूर्वांचल एक्सप्रेस वे के निर्माण को लेकर अखिलेश ने सपना देखा था।
सपने में ही उन्होंने उसे अपना काम मान लिया। जबकि भाजपा ने जमीन अधिग्रहण से लेकर अन्य औपचारिकताओं को पूरा कर उसे धरातल पर उतारा। लेकिन अखिलेश को जनता द्वारा धूल चटाए जाने का अधिक दर्द है।
गठबंधन को लेकर पूछे गए सवाल पर प्रभारी मंत्री ने कहा कि भाजपा के एक वरिष्ठ नेता को गठबंधन होने के बाद पूर्व मुख्यमंत्री मायावती ने राखी बांधी थी। तब गठबंधन टूट गया था। एक बार फिर से मायावती ने अखिलेश को राखी भेजी है।
इसका मतलब है कि गठबंधन टूटने वाला है। प्रभारी मंत्री ने कहा कि सपा, बसपा और कांग्रेस के पास कोई मुद्दा नहीं बचा है। उनको जनता का दर्द होता तो सभी सड़कों पर उतरकर संघर्ष करते। मगर सबसे अधिक दर्द उनको कुर्सी जाने का है।