हिमाचल में मौसम खुलते ही लोगों ने बर्फ से लकदक 13050 फीट ऊंचे रोहतांग दर्रे को पार करना शुरू कर दिया है। हाल ही में हुई बर्फबारी के बाद पिछले दो दिन में सूबे के मौसम में बदलाव आया है। सोमवार को 47 यात्रियों के एक बड़े दल ने रोहतांग दर्रे को आर-पार किया।
हालांकि, रविवार से घाटी में हवाई सेवाएं शुरू हो गई हैं। यह सोमवार को भी जारी रहीं। बावजूद इसके लोगों ने बर्फ के बीच कदमताल शुरू कर दी है। मार्च महीने में कोकसर और मढ़ी में बचाव चौकियां भी स्थापित कर दी गई हैं।
कोकसर रेस्क्यू पोस्ट पर तैनात इंस्ट्रक्टर विनोद ठाकुर ने बताया कि मौसम खुलने पर सोमवार को लाहौल के विभिन्न क्षेत्रों से आए 23 यात्रियों को कोकसर के बचाव दल ने रोहतांग दर्रा तक सुरक्षित पहुंचाया। मनाली की ओर से 24 लोगों का दल रेस्क्यू टीम मढ़ी की मदद से रोहतांग दर्रा तक सुरक्षित पहुंचाया गया।
मनाली से ये लोग सुबह बंता मोड़ से आगे तक छोटे वाहनों में आए। वहां से पैदल कोकसर पहुंचे हैं। बाद में कोकसर से छोटे वाहनों से ये लोग अपने-अपने गंतव्य की ओर रवाना हुए।
उधर, बचाव चौकी कोकसर के प्रभारी लुदर चंद और शशिपाल ने बताया कि रोहतांग दर्रा पैदल पार करने वाले लोग मौसम बदलाव का विशेष ध्यान रखें। उन्होंने लोगों को सलाह दी कि वे बिना नाम और पंजीकरण के दर्रा पार करने का जोखिम न उठाएं।