आगरा। ताजमहल पर एक बार फिर फोटोग्राफी लाइसेंस सिस्टम शुरू होने वाला है। फोटोग्राफर यूनियन द्वारा सुप्रीम कोर्ट में दायर की गई याचिका के बाद एएसआई ने पुराने लाइसेंस सिस्टम को अपनाने का प्रस्ताव सौंपा है। इसके मुताबिक वर्ष 2011 में खत्म किए गए 245 फोटोग्राफी लाइसेंस ही रिन्यू कर दिए जाएंगे। किले से ताज पर शिफ्ट हुए 75 फोटोग्राफर के बारे में एएसआई का रुख स्पष्ट नहीं है।
20 रुपये का टिकट लो और फोटोग्राफी शुरू। फिर चाहे सैलानी से लूट-खसोट हो या खींचातानी। ताजमहल में कुछ ऐसे ही हालात हैं। 245 फोटोग्राफरों की जगह तीन हजार लोग फोटोग्राफी के नाम पर सैलानियों से दुर्व्यवहार करते मिले तो फोटोग्राफर्स यूनियन ने सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर की। कोर्ट ने एएसआई को तीन सप्ताह में जवाब मांगा। तब एएसआई ने पुरानी लाइसेंस प्रणाली को बहाल करने का प्रस्ताव दिया है। इसमें पुराने लाइसेंस रिन्यू होंगे। किले से ताज आए फोटोग्राफरों को भी मौका मिलेगा। इस तरह तकरीबन 325 लाइसेंसी फोटोग्राफी कर सकेंगे। प्रस्ताव के तहत फोटोग्राफरों को बाहर से ही पर्यटकों के साथ आना होगा। फोटोग्राफर यूनियन अध्यक्ष अशरफ के मुताबिक, एएसआई के जवाब पर उनकी ओर से आपत्ति दाखिल की गई है।
लपकों ने तोड़ दिए ‘नो वेंडर जोन के बोर्ड
ताजमहल के पश्चिमी गेट स्थित नीम तिराहा पर लपकों ने ‘नो वेंडर जोन’ के दो बोर्ड ही तोड़ दिए। इन बोर्ड को स्टील पाइप के साथ काटा गया है। वहीं बैरियर पर पुलिस 24 घंटे तैनात रहती है। हाल यह है कि पार्किंग से ताज के प्रवेश द्वार तक लपकों, हॉकरों का दबदबा सैलानियों की जेब तराश रही है।