रालोद के 21 सदस्यीय प्रतिनिधि मंडल दिल्ली में छोटे चौधरी से मुलाकात की है। उनसे मांग की गई है कि वह इस बार फतेहपुर सीकरी विधान सभा से अपनी पुत्रवधु चारू चौधरी को प्रत्याशी बनाएं। उनका कहना है कि ऐसा करने से आगरा और मथुरा में जीत की संभावना बढ़ जाएगी। साथ ही परंपरागत वोट भी रालोद के साथ जुड़ा रहेगा।
प्रतिनिधि मंडल ने चौधरी अजित सिंह से कहा कि अगर चारू को प्रत्याशी न बनाया जा सके तो जयंत चौधरी को उतारा जाए। प्रदेश महासचिव चौधरी गोपीचंद और प्रदेश सचिव चौधरी नेम सिंह का कहना है कि कार्यकर्ता चाहते हैं कि सीकरी से चौधरी साहब के परिवार को कोई सदस्य चुनाव लड़े। इस मांग के लिए पार्टी मुखिया से मिले हैं। उन्होंने सकारात्मक संदेश देते हुए इस पर विचार करने की बात कही है।
प्रतिनिधि मंडल में कप्तान सिंह चाहर, केदार सिंह चौहान, जयपाल सिंह खिरवार, रामेंद्र सिंह परमार, सुधाकर त्यागी, भवानीशंकर लवानिया, किन्नर सिंह बघेल, सुभाष गोयल रहे।
मांट से लड़ चुके जयंत
रालोद महासचिव जयंत चौधरी 2009 में मथुरा से सांसद चुने गए। सांसद रहते उन्होंने 2012 में मांट सीट से विधान सभा चुनाव लड़ा। इसमें जीत मिली। बाद में इस सीट को छोड़ दिया।
2014 में भी उठी थी मांग
2014 के लोकसभा चुनाव में भी रालोदियों ने यह मांग उठाई थी कि चारू चौधरी को फतेहपुर सीकरी लोकसभा सीट से प्रत्याशी बनाया जाए। लेकिन इसमें निराशा मिली थी। उस चुनाव में चारू चौधरी ने प्रचार में हिस्सा लिया था।