अलीगढ़। ठीक पांच महीने बाद साल 2014 से रिलायंस की 4-जी मोबाइल सेवा लांच हो जाएगी। इसके लिए कंपनी ने ऑप्टिकल फाइबर नेटवर्क बिछाना शुरू कर दिया है। इस ऑप्टिकल फाइबर का जाल कुछ इस तरह से बुना जा रहा है कि अलीगढ़ सहित सभी प्रमुख शहरों में कहीं भी किसी को इसका कनेक्शन दिया जा सके। गौर हो कि रिलायंस के अलावा अभी तक किसी दूसरी मोबाइल सेवा प्रदाता कंपनी का इतना बड़ा ऑप्टिकल नेटवर्क नहीं है। बीएसएनएल भी इसमें पिछड़ गया है।
4-जी की इस सेवा से पुलिस सीसी कैमरे के माध्यम से शहर के प्रमुख चौराहे और व्यस्ततम मार्गों पर 24 घंटे का लाइव देख सकेगी। लूट, डकैती, छिनैती तथा अन्य घटनाओं के अपराधियों को भागते हुए रिकार्ड किया जा सकेगा और उनकी शिनाख्त हो सकेगी। इसके लिए प्रमुख चौराहों पर ग्राउंड बेस मास्ट टावर लगाने के लिए चिह्नांकन हो रहा है। 30 फीट ऊंचे इन टावरों का संचालन सोलर एनर्जी से होगा। पुलिस अपने कैमरों को कंट्रोल रूम से आपरेट करेगी। इस रिकार्डिंग से रिलायंस का किसी भी तरह का लेना देना नहीं होगा। प्राइवेट सेक्टर में यह सुविधा देने के लिए अलग से टैरिफ प्लान तैयार किए जाएंगे। मोबाइल पर 4-जी सेवा का लाइव दूसरे शहरों में भी देखा जा सकेगा। पुलिस और रिलायंस के बीच इस सिलसिले में करार हुआ है। अलीगढ़ में इसका सर्वे हो रहा है। प्रमुख कस्बों में भी यह सुविधा मिल सकेगी। रिलायंस के कैंप कार्यालय में इसका प्रभार कुलदीप सिंह को सौंपा गया है।