अलीगढ़। शनि अमावस्या के दिन सुबह श्री लख्मी चंद्र पांड्या खंडेलवाल दिगंबर जैन ट्रस्ट परिसर में जैन धर्म के 20 वें तीर्थकर 1008 भगवान मुनि सुब्रतनाथ जिनेंद्र की महाअर्चना का भव्य आयोजन हुआ। यह धार्मिक आयोजन गणिनी आर्यिका 105 भाग्यमती माताजी के सानिध्य और प्रतिष्ठाचार्य राकेश के निर्देशन में हुआ। इस महाअर्चना में 100 से अधिक श्रावक और श्राविकाएं सम्मलित हुईं।
शनि अमावस्या के दिन जैन धर्म के 20 वें तीर्थकर 1008 भगवान मुनि सुब्रतनाथ की पूजा का विशेष महत्व बताया गया है। इस पूजा से शनि दोष का निवारण होता है। इससे पहले भगवान मुनि सुब्रतनाथ को बड़े मंदिर से पालकी यात्रा द्वारा बाग वाले मंदिर में लाया गया। जहां उन्हें विराजमान करके उनका अभिषेक और वृहद शांतिधारा की गई। शाम को सात बजे राकेश भैया के निर्देशन में श्री पार्श्वनाथ दिगंबर जैन खंडेलवाल मंदिर में भगवान मुनि सुब्रतनाथ चालीसा का पाठ आयोजित किया गया। धार्मिक कार्यक्रम में प्रद्युन जैन, विजय जैन, नवेंद्र जैन, नरेंद्र जैन, अरुण जैन, मुनेश जैन और प्रियांशु जैन आदि मौजूद थे। उधर, महानगर के शनि मंदिरों पर श्रद्धालुओं ने तेल के दीपक जलाकर कलियुग के देव श्री शनि देव की पूजा अर्चना की। रामघाट रोड स्थित शनि मंदिर पर श्रद्धालुओं की काफी भीड़ थी। लंबी लाइनों में लगे श्रद्धालु अपनी बारी के आने का इंतजार कर रहे थे।
---------------------