बारहवीं के बाद बीकॉम की पढ़ाई के इच्छुक छात्र-छात्राओं का भटकाव अब कुछ कम हो जाएगा। कुलभास्कर आश्रम परास्नातक महाविद्यालय में भी बीकॉम शुरू होने जा रहा है। अगले सत्र से कालेज में बीकॉम के साथ बीसीए की भी पढ़ाई होगी। इसके लिए कानपुर विश्वविद्यालय से अनापत्तिपत्र मिल चुका है। अन्य औपचारिकताएं पूरी की जा रही हैं।
बीकॉम में दाखिला के लिए सबसे अधिक मारामारी है। इलाहाबाद विश्वविद्यालय की स्नातक प्रवेश परीक्षा को देखें तो सबसे अधिक मेरिट बीकॉम की जाती है। इस भीड़ के मद्देनजर कुलभास्कर में बीकॉम कोर्स शुरू करने का निर्णय लिया गया है। इसके अलावा कंप्यूटर के क्षेत्र में अब भी बेहतर कॅरियर की संभावना बनी हुई है। इसलिए आगामी सत्र से बीसीए कोर्स शुरू करने का भी निर्णय लिया गया। दोनों कोर्सेज स्ववित्तपोषित होंगे। प्राचार्य डॉ.ज्योति शंकर ने बताया कि दोनों पाठ्यक्रमों के लिए एनओसी मिल चुकी है। इनमें 120-120 सीटें होंगी। दोनों पाठ्यक्रमों में आगामी सत्र से प्रवेश लिया जाएगा।