बलिया। शहर कोतवाली थाना क्षेत्र शिवपुर दियर नंबरी एक में बीते 31 दिसंबर को नाव ले जाने के विवाद में दो पक्ष आपस में भिड़ गए थे। एक पक्ष ने नाव को कुल्हाड़ी से काटकर गंगा में डुबो दिया था। अब यह मामला तूल पकड़ चुका है। इस प्रकरण में रविवार की रात एक पक्ष के लोगों ने जिला मुख्यालय से दूध बेचकर जा रहे दूधियों पर अचानक फायर झोंक दिया। गोलीबारी में दो दूधिए गंभीर रूप से जख्मी हो गए। दोनों का इलाज जिला अस्पताल में चल रहा है। इस मामले में सोमवार को अपर पुलिस कप्तान केसी गोस्वामी की देखरेख में तीन टीमें बिहार से सटे शिवपुर दियारे में गई थी।
कोतवाली क्षेत्र के शिवपुर दियर नंबरी एक के दूधियों पर फायरिंग के बाद नाराज यादव बिरादरी के लोगों ने दूसरे दिन सुबह सोमवार को दुसाध टोला के आरोपियों का घर घेर लिया और घंटों बंधक बनाए रहे। इसकी सूचना मिलते ही पुलिस कप्तान ने तत्काल एएसपी, सीओ नगर एवं कोतवाल समेत अधिक संख्या में फोर्स दियारे में भेज दिया। पुलिस अफसरों ने गांव में पहुंचकर बंधक बने लोगों को छुड़ाने के साथ ही आरोपियों की धरपकड़ शुरू कर दी। पुलिस की मानें तो पिछले 31 अगस्त को दो पक्षों के बीच नाव ले जाने को लेकर मारपीट हुई थी। उस समय एक पक्ष ने कुल्हाड़ी से सरकारी नाव को काटकर नदी में डुबो दिया था। घटना के बाद दोनों तरफ से कुल 14 लोगों के विरुद्ध एफआईआर दर्ज की गई थी। पुलिस ने इस मामले में किसी भी आरोपी की गिरफ्तारी नहीं की थी।
पुलिस की शिथिलता के कारण रविवार की रात एक पक्ष के लोगों ने दूसरे पक्ष के दूधियों पर अचानक रात में फायर झोंक दिया। गोली जिला मुख्यालय से दूध बेचकर घर लौट रहे 40 वर्षीय राधामोहन यादव एवं 35 वर्षीय टुनटुन यादव को जा लगी।
घटना के बाद अन्य साथियों न उन्हें जिला अस्पताल में दाखिल कराया। पुलिस ने सोमवार को पीड़ित दूधियों से पूछताछ की। इसके बाद शिवपुर दियर नंबरी के लिए रवाना हो गए। घटना को लेकर गांव में तनाव व्याप्त है। एहतियातन गांव में पुलिस तैनात कर दी गई है। उधर घायल दूधिया राधामोहन की तहरीर पर पुलिस ने पांच लोगों के विरुद्ध एफआईआर दर्ज कर ली है।