बरेली। नगर निगम में पार्षद और अफसरों में घमासान मचा है। आचार संहिता खत्म होने के बावजूद बोर्ड बैठक पर अब तक कोई निर्णय नहीं हो सका है, जिसकी मार जनता की जेब पर पड़ रही है। बोर्ड बैठक न होने के चलते अप्रैल से सितंबर के दौरान टैक्स में 5-15 प्रतिशत छूट का लाभ जनता को नहीं मिल पा रहा है।
वित्तीय वर्ष की समाप्ति के बाद हर साल अप्रैल में बोर्ड की पहली बैठक में ही समय से टैक्स जमा करने वालों को छूट का प्रस्ताव लाया जाता है। यह प्रस्ताव पास कराकर अप्रैल से सितंबर तक अलग-अलग स्लैब में जनता को 5-15 प्रतिशत तक टैक्स में छूट दी जाती है। मगर इस बार यह मामला ठंडे बस्ते में है। पहले तो चुनाव की आचार संहिता लगी रही और अब नगर निगम में घमासान मचा है। इसके चलते बोर्ड बैठक पर अब तक कोई निर्णय नहीं हो सका है, जिससे टैक्स में छूट का प्रस्ताव पास हो सके। इसके चलते समय से टैक्स जमा करने वालों को छूट का लाभ मिलने के बजाय पूरा टैक्स जमा करना पड़ रहा है। पार्षद सतीश कातिब का कहना है कि वह मीटिंग बुलाने के लिए नगर निगम में प्रार्थना पत्र दे चुके हैं, मगर अब तक कोई निर्णय नहीं हुआ है।