बरेली। सरकारी मदद पाने को गरीब और शारीरिक तौर पर अक्षम जगतपुर पनवड़िया निवासी मनोज कुमार परेशान हैं। विकलांग युवक दो साल से विभाग के चक्कर काट रहा है लेकिन कहीं सुनवाई नहीं हो रही है। परेशान मनोज ने बताया कि आवेदन के बाद विभागीय सत्यापन के नाम पर तीन बार अलग-अलग लोग उसके घर पहुंचे और पात्रता साबित करने के नाम पर पहले वाले ने तीन सौ, दूसरे ने पांच सौ और तीसरे व्यक्ति ने सात सौ रुपए वसूल लिए। किसी तरह विकलांगता सूची में नाम दर्ज हुआ मगर अभी तक खाते में फूटी कौड़ी नहीं पहुंची। पूछने पर विभागीय कर्मी तरह-तरह के बहाने बना रहे हैं। इस मामले को लेकर बरेली यूथ क्लब के गुलफाम अंसारी आदि युवाओं ने युवक की पेंशन को लेकर विकलांग कल्याण अधिकारी और डीएम से मिलकर कार्रवाई की मांग की।
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