गौर। बदायूं रेपकांड की आंच कस्बों तक पहुंच गई है। सामूहिक दुष्कर्म के बाद हत्या के विरोध में अपना दल के कार्यकर्ताओं ने बभनान में कैंडल मार्च निकालकर घटना पर अफसोस जताया। जिलाध्यक्ष अरविंद सिंह पटेल के नेतृत्व में कार्यकर्ताओं ने पीड़ित परिवार के लिए ईश्वर से प्रार्थना की।
कैंडल मार्च के पूर्व बभनान स्थित पार्टी कार्यालय पर कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए जिलाध्यक्ष बौद्ध अरविंद सिंह पटेल ने कहा कि प्रदेश की सपा सरकार में बलात्कार, हत्या और लूट की घटनाएं चरम पर हैं। ऐसे में प्रदेश के मुख्यमंत्री अखिलेश यादव को नैतिकता के आधार पर इस्तीफ ा दे देना चाहिए। जिला महासचिव राम सिंह पटेल ने पीड़ित परिवार को कम से कम 20-20 लाख रुपये मुआवजा देने की मांग की। साथ ही प्रदेश को बर्खास्त करने की मांग की। इससे पहले कार्यकर्ताओं ने हर्रैया तिराहे से कैंडल मार्च निकालकर सब्जी मंडी, स्टेशन चौराहा, विजय नगर, डाकखाना गली होते हुए कबीर आश्रम पर पहुंचे। इस अवसर पर रामजियावन पटेल, संतराम पटेल, राजमणि पटेल, डॉक्टर रामनिवास, राजकुमार गुप्ता, इंद्रजीत, अरविंद सोनकर, राम आशीष मौर्य आदि मौजूद रहे।
महिलाओं पर अत्याचार के विरोध में कैंडल मार्च
बस्ती। भारत की जनवादी नौजवान सभा ने देश भर में हो रहे महिला अत्याचार की घटनाओं के विरोध में बुधवार की शाम को कैंडल मार्च निकाला। रोडवेज तिराहे से होते हुए शहर के विभिन्न इलाकोें में घूमकर लोगोें को आगाह भी किया। इसके बाद नौजवान सभा के लोग भगत सिंह पार्क पहुंचे और कैंडिल जलाकर बदायूं की घटना पर अफसोस जताया। सबने एक स्वर में कहा कि महिला अत्याचार की घटनाएं लगातार बढ़ रही हैं। इसे तत्काल रोका जाना चाहिए। इस मौके पर सतीश सिंह, धनन्जय श्रीवास्तव, अमित कुमार, दिलीप शुक्ल, पंकज राव, मांडवी सिंह सहित तमाम लोग मौजूद रहे।