बस्ती। गलत आय प्रमाण-पत्र के जरिए सरकारी योजनाओं का लाभ लेने वालों के विरुद्ध प्रशासन सख्त हो गया है। आय प्रमाण-पत्र पर लेखपालों के लगने वाले रिपोर्ट की टीम बनाकर रैंडम चेकिंग कराने का निर्णय लिया गया है। रिपोर्ट गलत पाए जाने पर लेखपाल और आवेदनकर्त्ता के विरुद्ध धोखाधड़ी का मुकदमा दर्ज कराने और उन्हें जेल भेजा जाएगा। साथ ही प्रमाण-पत्र निरस्त करने की बात जिलाधिकारी ने कही है।
यह कार्रवाई प्रशासन ने चार दिन पहले हुए आय प्रमाण-पत्र पर रिपोर्ट लगाने को लेखपाल के साथ हुई मारपीट के बाद करने का निर्णय लिया है। वहीं लेखपाल संघ के पदाधिकारियों ने शासन और प्रशासन से आय के मानक के मामले में गाइड लाइन और दिशा-निर्देश जारी करने की अपील की है।
जिलाधिकारी अनिल कुमार दमेले ने बताया कि आय प्रमाण-पत्र पर रिपोर्ट लगाने को लेकर प्रशासन को निरंतर शिकायत मिल रही है। इच्छित रिपोर्ट लगाने को लेकर लेखपालों और आवेदनकर्त्ताओं के बीच विवाद होने की घटनाएं भी सामने आ रही है। इसे ही लेकर लेखपालों के लगाए गए रिपोर्ट की रैंडम जांच कराने का निर्णय लिया गया है।
आय के मानक तय न होने से हो रहा विवाद
लेखपाल संघ के जिला मंत्री नरेंद्र बहादुर उपाध्याय ने कहा कि आय के मानक के संबंध में सरकारी और प्राइवेट कर्मियों के छोड़कर सरकार ने किसी भी वर्ग का मानक ही निर्धारित नहीं किया है। सिर्फ वेतन भोगी कर्मियों का निर्धारित है। व्यवसायी, ठेकेदार और अधिवक्ता सहित अन्य ऐसे वर्ग हैं जिनका मासिक और सालाना आय कितना होना चाहिए और कितने पर आय का रिपोर्ट लगानी चाहिए इसका निर्धारण अभी तक सरकार ने नहीं किया है, जबकि इसे लेकर जिला और प्रदेश स्तर पर कई बार संघ की ओर से मामले को उठाया जा चुका है। कहते हैं कि जो भी विवाद हो रहे हैं उसका कारण आय का मानक निर्धारण न होना है। आय का मानक निर्धारित न होने से लोग लेखपाल पर दबाव बनाते हैं।
लेखपाल की पिटाई का आरोपी रोजगार सेवक गिरफ्तार
बस्ती। सदर तहसील परिसर में लेखपाल द्वारिका समेत तीन लेखपालों की पिटाई के मामले में आरोपी बनाए गए रोजगार सेवक श्यामकरन यादव को कोतवाली पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। इस मामले में चार अज्ञात लोगाें को भी आरोपी हैं।
शुक्रवार को सदर तहसील परिसर में आय प्रमाण पत्र के लिए रिपोर्ट लगवाने की बात को लेकर रोजगार सेवक श्याम करन यादव और उसके साथियों ने लेखपाल द्वारिका प्रसाद के साथ मारपीट की। बीच बचाव करने आए एक लेखपाल के सिर में चोट आई थी। घटना को लेकर लेखपाल संघ ने आरोपियों की गिरफ्तारी को लेकर आंदोलन की चेतावनी दी थी। वहीं दूसरी ओर संविदा कर्मियों के संगठन ने भी लेखपालों पर रोजगार सेवक को पीटने का आरोप लगाते हुए मोर्चा खोल रखा था। शहर कोतवाल रविंद्र सिंह गौतम ने बताया कि कोतवाली पुलिस ने सोमवार की सुबह डारीडीहा तिराहे से श्याम करन यादव को गिरफ्तार कर लिया। श्यामकरन के साथ घटना में शामिल लोगों की पूछताछ की जा रही है।
सप्ताह भीतर सभी नलकूप को चालू करें : डीएम
बस्ती। डीएम अनिल कुमार दमेले ने एक्सईएन नलकूप को निर्देश दिया है कि वे सप्ताह भीतर सभी नलकूपों को चालू कराकर रिपोर्ट प्रस्तुत करें। इस कार्य में किसी भी प्रकार की शिथिलता बर्दाश्त नहीं की जाएगी। डीएम ने एक्सईएन को भेजे पत्र में कहा है कि जून और जुलाई माह में सामान्य वर्षा से भी कम वर्षा होने के कारण जिले में सूखे की स्थिति उत्पन्न हो रही है। ऐसे में नलकूपों को पूरी क्षमता से चलाया जाना आवश्यक है। यांत्रिक दोष और विद्युत दोष से बंद चल रहे 52 नलकूपों को ठीक कराकर उन्हे सप्ताह भीतर चालू कराया जाए।
ेलेखपालों के विरोध में धरना
बस्ती। रोजगार सेवकों ने उप्र संविदा कर्मी महासंघ के बैनर तले सोमवार को डीएम कार्यालय पर लेखपालों के विरुद्ध मुकदमा दर्ज कराने के लिए धरना प्रदर्शन किया। मामले की जांच कराने और रोजगार सेवक के विरुद्ध दर्ज मुकदमा को वापस लेने की मंाग की गई। न्याय न मिलने की स्थित में 18 जुलाई से धरना-प्रदर्शन करने की चेतावनी दी गई है। इस मौके पर ज्ञानप्रकाश त्रिपाठी, नागेंद्र शुक्ल, अमित किशोर यादव, इन्द्रजीत शर्मा, धर्मेन्द्र शुक्ल, रमेश चन्द्र चौधरी, शत्रुहन्ता यादव, अजीत कुमार पाण्डेय, राजेश मिश्र, मनोज उपाध्याय, प्रवीण कुमार, राकेश कुमार, आशुतोष पाण्डेय, आरती देवी, सरिता देवी, सुनीता, परमात्मा, अमरनाथ राजभर, ऋतुराज चौधरी, रणजीत चौधरी माैजूद रहे।