धामपुर। उ.प्र. संगीत नाट्य अकादमी लखनऊ की तरफ से कन्या इंटर कॉलेज में चल रहे नाट्य समारोह के अंतिम दिन गोंडा के रंगमंच कलाकारों ने ग्रामीण परिवेश पर आधारित नाटक ‘तनुदा का अपहरण’ की प्रस्तुति देकर दर्शकों को भाव विभोर कर दिया।
रविवार की संध्या में अंतिम दिन खेले गए नाटक का शुभारंभ आरएसएम कॉलेज के प्राचार्य डॉ. एलबी रावल, ईओ संजय शुक्ला और डॉ. एनपी सिंह ने संयुक्त रूप से नटराज की मूर्ति के समक्ष दीप जलाकर किया। अनाम गोंडा के रंगमंच कलाकारों ने ग्रामीण परिवेश पर केंद्रित ‘तनुदा का अपहरण’ नाटक की प्रस्तुति पर दर्शकों की जमकर तालियां बटौरीं। नाटक के माध्यम दर्शकों को बताया कि वैश्वीकृत समाज में नेता, नौकरशाह और उद्योग जगत मिलकर किस तरह सामान्य जन को भुलाकर अपने स्वार्थ साधते हैं। कुछ उद्योगपतियों ने गांव के किनारे उद्योग धंधे लगा रखे थे। इनसे निकलने वाली गैसों से ग्रामीण दम घुटकर मरने लगे। जब कुछ लोगों को साथ लेकर ‘तनु’ ने इसका विरोध किया तो उद्योगपतियों ने उसे लालच दिया। जब वह उद्योग हटाने की जिद पर अड़ा रहा तो उद्योगपतियों ने उसका अपहरण कर लिया। जो उसके साथी थे, उनको भी उन्हाेंने अपने पक्ष में ले लिया और कारखानों में नौकरी दे दी।
देवदत्त सिंह द्वारा निर्देशित इस नाटक में मंच और मंच से परे तीन पीढ़ियों का संगम होता है। मंच पर तनु की भूमिका विक्रांत सिंह, जुत्शी की करम चंद, कांति की अनुराग सोनी, डेविड की प्रदीप कुमार, उदीप की अनूपरा और ग्रामीण की भूमिका में प्रियवृत सिंह, चंद्रप्रकाश, लाखन सरोज, ब्रह्म देव, अभय रहे। गीत और संगीत सुनील सोनी और वस्त्र सज्जा ज्योतिमा शुक्ला और महेश सिंह, मदन मोहन, उर्मिला पांडेय, सुनील कुमार, अभया सिंह, चंद्रप्रकाश आदि का सहयोग रहा।
इनका हुआ सम्मान
नाट्य दीप परिवार की तरफ से एसडीएम श्रीप्रकाश गुप्त ने सभी टीमों के रंगकर्मियों को स्मृति चिह्न और शॉल भेंटकर सम्मानित किया। इस दौरान राकेश कुमार, उदराज सिंह, डॉ. एनपी सिंह, सतवंत सलूजा, विजय कुमार अग्रवाल, पूर्व चेयरमैन नरेंद्र अग्रवाल, डॉ. राजेश चौहान, गोरी शंकर सुकोमल, दीपेंद्र चौहान, डॉ. शिखा सिंह, डॉ. पूनम चौहान, अनूमेहा गुप्ता आदि का योगदान रहा। संस्था के अध्यक्ष कुमार अवनीश और सचिव राजेंद्र चौधरी ने प्रशासन के सहयोग के लिए एसडीएम श्रीप्रकाश गुप्त और पालिका ईओ संजय शुक्ला को स्मृति चिह्न देकर सम्मानित किया।