चित्रकूट। जनपद के 144 ग्राम पंचायतों में दो महीनों में कोई काम न होने से ग्राम प्रधानों के खिलाफ प्रतिकूल प्रविष्टि दी गई है और इन ग्राम सभाओं में ग्राम रोजगार सेवक के मानदेय को रोक दिया गया है।
शासन स्तर पर ग्राम्य विकास की क्षरा समीक्षा में ग्राम पंचायतों की तरफ से लापरवाही पाए जाने पर प्रमुख सचिव के निर्देश पर यह कार्रवाई हुई है। मुख्य विकास अधिकारी एमपी सिंह ने बताया कि 3 जून तक की एमआईएस की फीडिंग में कर्वी की 45, मानिकपुर की 34, पहाड़ी की 47, मऊ की आठ व रामनगर की कुल 10 ग्राम पंचायतों में दो महीनों के बीच कोई काम ही नहीं हुआ। इसमें ग्राम प्रधान व ग्राम रोजगार सेवकों को दोषी मानते हुए प्रमुख सचिव ने रोजगार सेवकों के मानदेय रोकने और प्रधानों को प्रतिकूल प्रविष्टि देने के निर्देश दिए। सीडीओ ने बताया कि इससे जहां एक तरफ जाबकार्ड धारक रोजगार से वंचित हो जा रहे हैं वहीं योजना का क्रियान्वयन न होने से गांव के विकास में भी बाधा पहुंच रही है।