अवैध शराब की बिक्री की सूचना मिलने पर बृहस्पतिवार को श्यामनगर गांव में दबिश देने गई आबकारी टीम पर ग्रामीणों ने हमला कर दिया। लाठी-डंडे से लैस ग्रामीणों ने आबकारी विभाग की टीम की गाड़ी में जमकर तोड़फोड़ की।
ग्रामीणों का तेवर देख दबिश देने पहुंची आबकारी विभाग की टीम वहां से जान बचाकर भागी। उधर, टीम ने जिस घर में दबिश दी थी, उन लोगों ने एसपी को शिकायतीपत्र देकर आबकारी टीम पर धारदार हथियार से हमलाकर कुछ लोगों को घायल करने का आरोप लगाया है।
आबकारी विभाग को बृहस्पतिवार को सूचना मिली कि श्यामनगर गांव में अजयपाल के यहां अवैध शराब का धंधा हो रहा है। इस पर आबकारी विभाग के इंस्पेक्टर हरिओम सिंह टीम के साथ मौके पर पहुंचे और अजयपाल के घर पर दबिश दी।
घर में मौजूद महिलाओं ने इस छापामार कार्रवाई की विरोध किया, लेकिन टीम ने अपना काम जारी रखा। इसी दौरान वहां काफी संख्या में ग्रामीण एकत्रित हो गए। बताते हैं कि दबिश की कार्रवाई का ग्रामीणों ने पहले विरोध किया, पर सुनवाई न होने पर एकजुट होकर आबकारी टीम पर हमला कर दिया।
टीम की गाड़ी में तोड़फोड़ की। आक्रोशित ग्रामीणों से घिरा देख कर आबकारी टीम किसी तरह वहां से जान बचाकर भागी। वहीं, अजयपाल के परिजनों का कहना है कि सुबह कुछ लोग शराब के नशे में धुत्त होकर उसकी परचून की दुकान पर पहुंचे और शराब का पौव्वा मांगा।
उन्होंने दुकान पर शराब की बिक्री नहीं होने की बात कही तो शराबियों ने बदसलूकी की। थोड़ी देर बाद वह आबकारी टीम के साथ आए और जबरन अवैध शराब दुकान में रखने लगे। विरोध करने पर उन लोगों ने अजय पाल के परिजन ललित, पुनीत और एक महिला पर हमला बोल दिया।
इस हमले में तीनों को गंभीर चोट आई हैं। शोरशराबा सुनकर गांव वालों के पहुंचने पर आबकारी विभाग के एक दरोगा ने ग्रामीणों को आता देखकर अपनी रिवाल्वर निकाली और गोली मारने की धमकी दी।
इसके बाद टीम बैरंग लौट गई। परिवार के लोगों ने पुलिस अधीक्षक को शिकायतीपत्र देकर कार्रवाई की मांग की है।
वहीं, इस संबंध में जिला आबकारी अधिकारी राजेश शर्मा का कहना है कि आबकारी टीम मुखबिर की सूचना पर श्यामनगर गांव में दबिश देने गई थी। वहां टीम के साथ ग्रामीणों ने अभद्रता करते हुए गाड़ी में तोड़फोड़ की है। इस संबंध में प्रशासन के अधिकारियों के साथ ही कोतवाली पुलिस को अवगत करा दिया गया है।