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अपहृत व्यापारी मिला, चार बंदी

Hardoi Updated Mon, 06 Oct 2014 05:32 AM IST
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हरदोई। कोतवाली क्षेत्र मल्लावां के कटरा-बिल्हौर हाईवे स्थित दुकान से अपहृत किए गए व्यापारी को पुलिस ने सकुशल बरामद कर चार बदमाशों को गिरफ्तार कर उनके पास से फिरौती के दस लाख रुपये भी बरामद कर लिए। घटना का खुलासा करने वाली टीम के सदस्यों को एसएसपी ने पुरस्कृत किया।
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ज्ञात हो कि मल्लावां के मोहल्ला चौहट्टा मोहद्दीनपुर निवासी बकरीद हसन के बेटे ताज मियां (38) की रेडीमेड गारमेंट्स की दुकान अब्दुल्ला मार्केट में है। शुक्रवार की शाम बदमाश उसको गाड़ी में लेकर चले गए थे। रात आठ बजे ताज मियां के मोबाइल नंबर से एक काल आई, जिसमें एक करोड़ की डिमांड की गई थी। व्यापारी के भाई मिसबहाउद्दीन की तहरीर पर अपहरण की रिपोर्ट दर्ज की गई थी। एसएसपी गोविंद अग्रवाल ने सीओ बिलग्राम विजय त्रिपाठी ने नेतृत्व में क्राइम ब्रांच टीम को खुलासे को लगाया था। पुलिस टीम ने परिजनों से मिलकर जाल बुना और अपहरणकर्ताओं से बीस लाख रुपये पर सौदा तय कराया।
सौदा तय होने पर वह अपहरणकर्ता के बताए गए स्थान सरैया नहर पुल के पास परिजन पैसे लेकर पहुंचे। जहां पर व्यापारी के आते ही पुलिस ने बदमाशों को धर दबोचा। एसएसपी ने बताया कि चार आरोपी पकड़े गए। इनमें उस्मान रसूल उर्फ चंदू पुत्र हिदायत रसूल निवासी बड़ा दरवाजा मल्लावां, अनवर पुत्र यासीन, अली शेर पुत्र वसीर निवासी ब्रम्हाणी टोला थाना फतेहपुर बाराबंकी, यहीं का हैदर अली पुत्र शेख अख्तर हैं। उनके पास से फिरौती के दस लाख रुपये, मोबाइल फोन, दो तमंचा, चार कारतूस व एक कार मिली है। दो मौके से फरार हो गए। एसएसपी ने टीम की इस सफलता पर पांच हजार रुपये का पुरस्कार देने की घोषणा की है।
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इस मौके पर एएसपी पूर्वी अजय शंकर राय, एएसपी पश्चिमी दिनेश त्रिपाठी, सीओ सदर पीके मिश्र, सीओ सिटी रामलाल राय, सीओ बिलग्राम विजय त्रिपाठी सहित टीम के सदस्य मौजूद थे। उधर, व्यापारी ने बताया कि उसे कई स्थानों पर घुमाने के कानपुर में बाकरगंज में रखा था। इस कांड में कस्बे का उस्मान ही मास्टर माइंड था। वह कानपुर में चमड़े का कार्य करता था। उसने कस्बे में आकर व्यापारी के भाई के विदेश से पैसा लाने की जानकारी मिलने पर उसके अपहरण की योजना बनाई थी। उधर, अपहृत व्यापारी ताज मियां का कोई सुराग न मिलने से परिजन बेहाल थे। व्यापारी के मिलते ही परिजनों में खुशी की लहर दौड़ गई।
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