मैनपुरी। दीवानी न्यायालय परिसर में मंगलवार को दहेज उत्पीड़न के मामले में समझौता करने को आए दोनों पक्ष आपस में भिड़ गए। किसी बात को लेकर हुई कहासुनी के दौरान पति के मौसा ने विवाहिता के थप्पड़ जड़ दिया। इससे गुस्साई विवाहिता ने पति के मौसा को जोरदार धक्का दिया, जिससे गिरकर उनकी टांग टूट गई। दोनों पक्षों ने एक-दूसरे के खिलाफ कोतवाली में तहरीर दी है। घटना को लेकर दीवानी परिसर में काफी देर तक गहमागहमी बनी रही।
शहर के भांवत चौराहा निवासी शशिकांत सक्सेना ने अपनी पुत्री शोभना की शादी तीन दिसंबर 2007 को सुमित पुत्र सुरेश चंद्र निवासी मुक्ता प्रसाद नगर बीकानेर (राजस्थान) के साथ की थी। शादी के कुछ समय बाद दहेज में कार की मांग की जाने लगी। आरोप है कि मांग पूरी नहीं होने पर शोभना को 28 मई 2008 को घर से निकाल दिया गया। सीजेएम कोर्ट में दहेज उत्पीड़न का मुकदमा विचाराधीन है। मंगलवार को सुलह समझौते के लिए दोनों पक्षों को आना था। शोभना मौके पर पहुंच गईं। जबकि पति की ओर से उसके पति के मौसा डा. आदर्श सक्सेना निवासी ओम भंडार गली, मैनपुरी पहुंचे थे।
दीवानी परिसर में दोनों पक्षों में किसी बात को लेकर कहासुनी हो गई। आरोप है कि इसी दौरान किसी बात को लेकर पति के मौसा डा. आदर्श सक्सेना ने शोभना के थप्पड़ मार दिया। इससे गुस्साई शोभना ने आदर्श को जोरदार धक्का मारा। घटना स्थल पर बारिश होने की वजह से पानी भी भरा था, जिसमें गिरकर उनकी टांग टूट गई। मामले की जानकारी होने पर घटनास्थल गहमागहमी बढ़ गई। जानकारी होते ही वकील भी मामला शांत कराने के लिए मौके पर एकत्रित हो गए। वहीं, सूचना मिलने पर इंस्पेक्टर कोतवाली मौके पर पहुंच गए। दोनों पक्षों को कोतवाली ले जाया गया। वहां, दोनों ने एक-दूसरे के खिलाफ तहरीर दी है। देर सायं तक रिपोर्ट दर्ज नहीं हो सकी थी।