रतनपुरा। हलधरपुर थाना क्षेत्र के पिलखी बरुना में गत 18 नवंबर की रात को हुई भासपा के प्रदेश उपाध्यक्ष सुरेंद्र सिंह की हत्या की गुत्थी पुलिस एक पखवारे बाद भी नहीं सुलझा सकी। यही नहीं पुलिस नामजद आरोपियों से भी पूछताछ करके थक चुकी है। बावजूद इसके अभी हत्या पर से पर्दा नहीं उठ पाया है। दो आरोपियों से तो पुलिस एक पखवारे से लगातार पूछताछ कर लकीर पीट रही है। मामले में एसपी के निर्देश पर एसओजी को भी लगाया गया है लेकिन वह भी अभी अंधेरे में ही तीर चला रही है।
बता दें कि थाना क्षेत्र के पिलखी बरुना गांव निवासी 55 वर्षीय भासपा नेता सुरेंद्र सिंह पुत्र चंद्रिका सिंह की गांव के निकट ही नलकूप के समीप बागीचे में सोते समय बदमाशों ने सिर में गोली मारकर हत्या कर दी थी। इस मामले में मृतक के भाई राजकुमार सिंह ने पुरानी रंजिश बताते हुए गांव के ही शिवजी सिंह पुत्र धर्मदेव सिंह, मोनू सिंह पुत्र राजकिशोर सिंह, बलकार सिंह पुत्र बंता सहित मुस्तफाबाद गांव निवासी गुड्डू सिंह पुत्र रमाशंकर के विरुद्ध नामजद मुकदमा दर्ज कराया था। इस संबंध में थानाध्यक्ष विश्वजीत सिंह ने उस समय दावा भी किया था कि मामला रंजिश का होने के चलते पेंचीदा नहीं है और जल्द ही इस पर से पर्दा उठ जाएगा। लेकिन घटना के 20 दिन बीत जाने के बाद पुलिस न तो इससे पर्दा उठा पाई है और न ही अभी किसी नतीजे पर पहुंच पाई है। हलधरपुर पुलिस की नाकामी के चलते पुलिस अधीक्षक ने इस मामले में एसओजी को भी लगाया है। इस संबंध में सीओ वंशीधर मिश्रा का कहना है कि मामले में पुलिस की विवेचना चल रही है। जल्द ही इसका खुलासा होगा। अभी कोई भी आरोपी पकड़ा नहीं गया है। मामले कई से पूछताछ चल रही है।