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हम में दम... रियो में लहराएगा तिरंगा

अमर उजाला ब्यूरों Updated Wed, 03 Aug 2016 02:04 AM IST
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हॉकी खिलाड़ी स्टेडियम में - फोटो : अमर उजाला
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रियो में इस बार इतिहास रचा जाएगा। भारतीय खिलाड़ी सबको पछाड़ते हुए गोल्ड मेडल हासिल करेंगे। पिछले ओलंपिक से ज्यादा पदक इस बार भारत आएंगे। यह विश्वास कैलाश प्रकाश स्टेडियम में तैयारी कर रहे खिलाड़ियों को है। उन्होंने रियो में जाने वाली भारतीय टीम पर विश्वास जताया है। साथ ही उन्हें जीत की शुभकामनाएं भी दी हैं। मेरठ के मनु अत्री, सीमा पूनिया से उन्हें गोल्ड मेडल की आस है। उन्होंने कहा कि वे भी ओलंपिक में हिस्सा लेने को बेताब हैं। इसके लिए पूरी मेहनत से तैयारी कर रहे हैं। स्टेडियम में नेशनल स्तर के खिलाड़ी भी अभ्यास कर रहे हैं।
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हॉकी में पदक का सूखा होगा खत्म
हॉकी कोच केपी सिंह ने बताया कि हॉकी में हमारी टीम सबसे ज्यादा मजबूत थी। लेकिन कुछ समय से हम अच्छा नहीं खेल पा रहे हैं। लेकिन इस बार खिलाड़ी उत्साह में दिखाई दे रहे हैं। उन्हें उम्मीद है कि टीम गोल्ड मेडल लाने में कामयाब रहेगी। भारतीय टीम का दरवाजा खटखटाने का दम रखने वाले हॉकी प्लेयर देवा बिष्ट ने बताया कि भारतीय टीम अच्छा खेल रही है। सभी खिलाड़ी अच्छी फॉर्म में है। उन्हें उम्मीद है कि 1980 के बाद से चले आ रहे पदक सूखे को यह टीम खत्म करेगी। कोच ने कहा कि स्टेडियम में एस्ट्रोटर्फ नहीं होने की कमी सबसे ज्यादा खल रही है। एस्ट्रोटर्फ पर प्रैक्टिस के बाद ही खिलाड़ी अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर मुकाबला कर सकता है। कई बार मांग करने के बाद भी स्टेडियम को एस्ट्रोटर्फ नहीं मिल पा रहा है। खिलाड़ियों ने बताया कि 6 अगस्त के हॉकी टीम का मैच आयरलैंड से होना है। आयरलैंड की मजबूत टीम है, लेकिन हमारी टीम उसे मात देगी।

वेस्ट यूपी से तीन खिलाड़ी
वेस्ट यूपी से तीन खिलाड़ी ओलंपिक में हिस्सा ले रहे हैं। मेरठ से भी दो खिलाड़ी हैं। मनु अत्री बैडमिंटन और सीमा पूनिया डिस्कस थ्रो में हिस्सा लेंगी। वहीं बागपत निवासी संदीप तोमर कुश्ती में दम दिखाएंगे। स्टेडियम के खिलाड़ियों ने तीनों को शुभकामनाएं दीं और उनकी जीत के लिए प्रार्थना की। साथ ही निशानेबाजी और कुश्ती के बाद सबसे ज्यादा पदक की उम्मीद एथलेटिक्स से हैं।
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बातचीत -
मैं कई साल से स्टेडियम में अभ्यास कर रहा हूं। नेशनल स्तर तक का सफर तय कर लिया है। अब लक्ष्य अंतरराष्ट्रीय स्तर पर खेलने का है। अगले ओलंपिक में खेलने का सपना है। सीमा पूनिया से पदक की उम्मीद है। वह बहुत अच्छी खिलाड़ी हैं। - रोबिन सिंह, नेशनल खिलाड़ी, डिस्कस थ्रो

हमारे खिलाड़ी बेस्ट हैं। ट्रायल में उन्होंने अपने को साबित किया है। वह पदक जरूर लाएंगे। मेरा लक्ष्य भी ओलंपिक में खेलने का है। अभी ओलंपिक रिकॉर्ड से थोड़ा पीछे हूं। इसके लिए लगातार प्रैक्टिस जारी है। रियो में जाने वाले खिलाड़ियों को शुभकामनाएं। - सचिन, नेशनल प्लेयर, जैवलिन थ्रो

एथलीट में हमारे खिलाड़ी काफी प्रतिभाशाली हैं। मुझे उम्मीद है कि भारत इस बार इतिहास रचेगा। पिछले ओलंपिक से ज्यादा मेडल हम जीतेंगे। मैं भी अंतरराष्ट्रीय स्तर पर खेलने के लिए तैयारी कर रही हूं। पढ़ाई के साथ खेल को भी समय दे रही हूं। - ख्याति माथुर, नेशनल स्तर की एथलीट

पिछले साल रांची में हुई नेशनल प्रतियोगिता में पदक जीता था। तब 2.44 मीटर हाई जंप की थी, लेकिन अब 2.55 मीटर तक कूद रही हूं। मेरा सपना ओलंपिक में देश के लिए पदक लाने का है। रियो में जाने वाली टीम को मेरी तरफ से शुभकामनाएं। - मानषी नेशनल स्तर की एथलीट

200, 400 मीटर रेस में केंद्रीय विद्यालय की नेशनल प्रतियोगिता में पदक जीतकर मेरा उत्साह बढ़ा है। पहले मेरा प्रयास नेशनल स्तर पर खेलने का है। ओलंपिक में भारतीय टीम पदक जीतकर लाएगी। खिलाड़ियों को शुभकामनाएं। 200 मीटर इवेंट में वीर धर्मवीर से पदक की पूरी उम्मीद है। - विनीत यादव, एथलीट
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