महराजगंज (रायबरेली)। कोतवाली क्षेत्र में जवाहर नवोदय विद्यालय में तैनात एक कंप्यूटर शिक्षक को कमरे में बंद करके जिंदा जलाने का प्रयास किया गया। किसी तरह शिक्षक ने भागकर जान बचाई। यह करतूत किसी और ने नहीं, बल्कि विद्यालय के कुछ छात्रों ने की। घटना के कई दिन बाद प्रधानाचार्य की संस्तुति पर भुक्तभोगी ने पुलिस को तहरीर दी है। पुलिस का कहना है कि मामले की जांच की जा रही है। जांच के बाद कार्रवाई की जाएगी।
जवाहर नवोदय विद्यालय के कंप्यूटर शिक्षक अतुल कुमार सिंह ने शुक्रवार को महराजगंज कोतवाली में दी गई तहरीर में बताया कि बीते 16 अगस्त की रात वह हॉस्टल स्थित वार्डेन रूम में सो रहे थे। इसी बीच विद्यालय के ही कुछ छात्र आए और उनके कमरे के दरवाजे को बाहर से बंद कर दिया। इसके बाद खिड़की से उनके बिस्तर पर प्लास्टिक और मच्छर मारने की अगरबत्ती के जलते टुकड़े फेंक दिए। इससे बिस्तर जलने लगा। कमरे में धुआं भर गया। जानकारी होने पर शिक्षक के होश उड़ गए। पीड़ित के मुताबिक, घटना के दौरान उन्होंने बाहर निकालना चाहा तो कमरे का दरवाजा बाहर से बंद था। इस पर कमरे के अंदर पिछवाड़े का दरवाजा खोलकर भागकर जान बचाई और चौकीदार रामविलास के पास पहुंचकर घटना की जानकारी दी। आग से बिस्तर जल गया। बाद में आग को बुझाया गया। प्रधानाचार्य एसके पांडेय को भी इस घटना के बाबत जानकारी दी। प्रधानाचार्य ने बताया कि यह हरकत विद्यालय के छात्रों ने ही की है, क्योंकि बाहर का कोई छात्र भीतर नहीं आ सकता। इस मसले पर विभाग के उच्चाधिकारियों से विचार-विमर्श कर निर्देश प्राप्त कर लिया गया है। उनकी संस्तुति पर ही शिक्षक ने कोतवाली में तहरीर दी। कोतवाली प्रभारी केआर वेदवान ने बताया कि तहरीर पर जांच कराई जा रही है। पता लगाया जा रहा है कि कंप्यूटर शिक्षक को जान से मारने की कोशिश करने वाले छात्र कौन थे और इसके पीछे क्या वजह रही। जल्द सही बात सामने आएगी।