रायबरेली। वह दिन दूर नहीं, जब जेल आने-जाने वाले लोग तीसरी आंख की जद में होंगे। एक के बाद एक जेल अधिकारियों व कर्मचारियों को जानमाल की मिल रहीं धमकियों के बाद अब जेल प्रशासन उनकी सुरक्षा को लेकर चौकन्ना हो गया है। पुलिस कार्यालय की तरह जल्द ही जिला कारागार के बाहर और अंदर सीसीटीवी कैमरे लगवाए जाएंगे। जेल अधीक्षिका ने न सिर्फ उच्चाधिकारियों से इस संबंध में बात कर ली है, बल्कि खाका तैयार कर लखनऊ भेज दिया है। उम्मीद है कि जल्द ही जेल के अंदर और बाहर सीसीटीवी कैमरे लग जाएंगे। इससे जेल आने-जाने वाले हर व्यक्ति की निगहबानी हो सकेगी। साथ ही उनकी कोई भी हरकत कैमरे में कैद हो सकेगी, जिससे पुलिस को उन पर कार्रवाई करने में आसानी होगी। जिला कारागार में रायबरेली के अलावा पड़ोसी जनपदों लखनऊ, सुल्तानपुर, फतेहपुर, उन्नाव, प्रतापगढ़ आदि जिलों के शातिर अपराधी बंद हैं। जेल अधिकारियों की ओर से बंदियों पर बरती जा रही सख्ती की वजह से अपराधी जेल अफसरों और कर्मचारियों को अपना निशाना बना रहे हैं। खास बात ये है कि जेल के अंदर बंद बंदी बाहर के अपराधियों से साठगांठ कर अधिकारियों को निशाना बनाने की घटनाओं को अंजाम दे रहे हैं। बीती 17 मई को जिला कारागार में तैनात डिप्टी जेलर शैलेंद्र कुमार को जान से मारने की नियत से उनके आवास पर हथगोला फेंका गया था। गनीमत रही कि हथगोला फटा नहीं। बीती 12 मार्च को जिला कारागार में तैनात बंदीरक्षक हरीश ने भी जेल में बंद बंदियों की मनमानी का विरोध किया था। इस पर जेल में बंद शातिर अपराधियों ने जेल के अंदर से ही बंदीरक्षक की पिटाई करवा दी थी। 20 अगस्त को डिप्टी जेलर आरके सिंह को शातिर अपराधी बबलू सिंह अपने साथियों के साथ जान से मारने की नियत से जिला कारागार पहुंचा था। उसने साथियों के साथ असलहों से ताबड़तोड़ फायरिंग की थी। गनीमत रही कि डिप्टी जेलर गोली का शिकार नहीं हुए। ऐसी घटनाओं पर अंकुश लगाने और ऐसा करने वाले अपराधियों पर शिकंजा कसने के लिए जेल अधिकारियों ने सतर्कता बरतनी शुरू कर दी है। इसके तहत जिला कारागार के बाहर एक प्लाटून पीएसी तैनात कर दी गई है। साथ ही अब जिला जेल के बाहर और अंदर वाले गेट पर सीसीटीवी कैमरा लगाने का खाका तैयार किया गया है। यही नहीं जेल अधिकारियों और कर्मचारियों के आवास के बाहर भी सीसीटीवी कैमरे लगवाने की प्लानिंग तैयार की गई है। इसका खाका तैयार कर उच्चाधिकारियों के पास भेज दिया गया है। सीसीटीवी कैमरे लगने से जेल आने-जाने वाले लोगों की हर गतिविधि की जानकारी हो सकेगी।
इनसेट
अभी हाल में ही डिप्टी जेलर आरके सिंह को धमकी देने के बाद सुरक्षा को लेकर सतर्कता बरती जा रही है। जेल परिसर में जल्द ही सीसीटीवी कैमरे लगाए जाएंगे। इसके लिए उच्चाधिकारियों को लिखा-पढ़ी की गई है। जेल अधिकारियों और कर्मचारियों की सुरक्षा के मद्देनजर पीएसी पहले से ही जेल परिसर में तैनात करवा दी गई है।
अमिता दुबे, जेल अधीक्षिका