रामपुर। सीआरपीएफ हमले के मामले में एक और गवाह कोर्ट में पेश हुआ। इस दौरान गवाह ने घटना की पुष्टि करने के साथ ही पंचनामा खुद भरने की बात कही। कोर्ट अब इस मामले की सुनवाई 07 दिसंबर को करेगी।
31 दिसंबर 2007 की रात में सीआरपीएफ के ग्रुप सेंटर पर हमला हुआ था। इस हमले में सात जवान शहीद हो गए थे। जबकि एक रिक्शा चालक की भी मौत हो गई थी। इस मामले में एसटीएफ और एटीएस की टीम ने मोहम्मद फारुख, गुलाब खां, इमरान, शहजाद, सबाउद्दीन उर्फ सबा, मोहम्मद शरीफ, जंगबहादुर, मोहम्मद कौसर, मुंबई निवासी फईम को गिरफ्तार किया था। इस मामले की सुनवाई रामपुर की कोर्ट में चल रही है। सेंट्रल जेल बरेली और लखनऊ से आतंकियों को स्थानीय कोर्ट में पेश किया जाता है। सोमवार को इन आतंकियों को कोर्ट में पेश किया गया। पेशी के दौरान इस घटना में शहीद हुए जवानों का पंचनामा भरने वाले दारोगा केपी सिंह ने कोर्ट पहुंचकर बयान दिए। उन्होंने अपने पूर्व में दिए गए बयानों की पुष्टि की। साथ ही शहीद हुए जवान देवेंद्र कुमार के शव का पंचनामा भरने की भी बात कही। बचाव पक्ष के अधिवक्ता ने भी जिरह की। करीब घंटे भर तक चली सुनवाई चली। अब इस मामले की सुनवाई सात दिसंबर को होगी।