सैदनगर। नगलिया आकिल में मौजूद एक दर्जन से अधिक राइस मिलें सरकार को सालान तौर पर दो करोड़ रुपये से अधिक का राजस्व देती हैं। फिर भी सरकार इनकी सुध नहीं ले रही है। मिलों और गांवों तक आने-जाने का दो किलोमीटर लंबा खंडिया-नगलिया आकिल-अजीमनगर मार्ग एक दशक से अधिक समय से खराब हुआ पड़ा है। कई बार धरना-प्रदर्शन के बावजूद प्रशासन इस अहम क्षेत्र पर ध्यान नहीं दे रहा है।
जनपद केनगलिया आकिल गांव में एक दर्जन से अधिक राइस मिल हैं। इन मिलों में हर वर्ष लाखों कुंटल चावल तैयार होता है। काफी चावल विदेशों को भी निर्यात होता है। इन मिलों तक पहुंचने का मार्ग प्रशासन की अनेदखी केचलते पूरी तरह से खस्ता हो चुका है। राइस मिल एसोसिएशन नगला आकिल केअध्यक्ष हाजी माजिद ने बताया कि करीब 15 वर्ष पूर्व करीब दो किलोमीटर लंबा खंडिया-नगलिया आकिल-अजीमनगर मार्ग बना था। उसकेबाद से मार्ग की मरम्मत नहीं हुई। मार्ग के स्थान पर बड़े-बड़े गड्ढे और पत्थर की गिट्टियां नजर आती हैं। माल ट्रांसपोर्ट करने में काफी असुविधा का सामना करना पड़ता है। सचिव जिया उल हक ने कहा कि इस मार्ग से ही मिलों का सारा कारोबार होता है। कई बार धरना-प्रदर्शन कर चुके हैं। जिला स्तरीय अधिकारियों से लेकर प्रदेश स्तरीय अफसरों तक इस मार्ग केलिए ज्ञापन प्रेषित कर चुके हैं। फिर भी उनकी समस्याओं का समाधान नहीं हो रहा है। नगलिया आकिल केप्रधान हाजी मुश्ताक ने कहा कि इस गांव से इतना अधिक राजस्व सरकार को दिया जा रहा है, फिर भी इस क्षेत्र की समस्याएं दूर नहीं की जा रही हैं। किसान और कारोबारियों को खासी दिक्कत का सामना करना पड़ रहा है।