सहारनपुर। धार्मिक यात्राओं और सैर सपाटे के मौसम को देखते हुए यूपी रोडवेज ने उत्तराखंड के प्रमुख मार्गों पर बसों की संख्या तो बढ़ा दी हैं, मगर मुसाफिर पड़ोसी राज्य में तीन चार दिन सफर कम ही करें तो बेहतर होगा। इसकी बड़ी वजह यह है कि उत्तराखंड में देहरादून, हरिद्वार, ऋषिकेश से लेकर रुड़की तक इस समय लोकसभा चुनाव का प्रचार चरम पर हैं। वीवीआईपी और वीआईपी नेता प्रचार के लिए आ रहे हैं। सात मई को होने वाले चुनाव के कारण ड्यूटी में वहां की अधिकतर बसों को अधिग्रहित किया जा रहा है। इसलिए इन शहरों में लोकल बसें आसानी से नहीं मिल पाएंगी।
पड़ोसी राज्य में बड़े नेताओं के दौरे होने के कारण देहरादून और हरिद्वार से आने वाली बसों में यात्रियों की संख्या भी रविवार को कम रही है। कुछ चालक-परिचालकों ने भी इसकी रिपोर्ट दी है। इन हालात में स्थानीय रोडवेज अफसर भी मान रहे हैं कि बसों पर यात्रियों की अपेक्षित भीड़ अब सात मई को वहां चुनाव होने के बाद से ही देखने को मिलेगी। इस बारे में आरएम राजेश वर्मा कहते हैं कि पड़ोसी राज्य में चुनाव का कुछ असर पड़ा है। चुनाव के बाद स्थिति बेहतर हो जाएगी।