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सारथी साफ्टवेयर देगा स्मार्ट डीएल

Siddhartha nagar Updated Wed, 19 Dec 2012 05:30 AM IST
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सिद्धार्थनगर। परिवहन विभाग में स्मार्ट डीएल (ड्राइविंग लाइसेंस) के लिए बहुप्रतीक्षित सारथी परियोजना अप्रैल माह से जिले में शुरू हो जाएगी। सारथी साफ्टवेयर के माध्यम से अब लोगों को स्मार्ट कार्ड की तरह डीएल उपलब्ध कराए जाएंगे। योजना के अनुसार कार्य शुरू करने की तैयारियां हो रही हैं, जिसमें एक स्मार्ट लैब स्थापित करने की व्यवस्था हो रही है। यहां से 15 दिनों के भीतर लाइसेंस आवेदक के पते पर पहुंचा दिया जाएगा। लाइसेंस धारकों को अब उनके डिजिटल हस्ताक्षर के माध्यम से पहचाना जा सकेगा।
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सारथी साफ्टवेयर के माध्यम से अब लोगों को अप्रैल माह से स्मार्ट ड्राइविंग लाइसेंस मिल सकेगा। इस जिले में अप्रैल माह से सारथी परियोजना के अनुसार स्मार्ट डीएल उपलब्ध कराने का निर्देश मिला है। जिले के उप संभागीय कार्यालय में नई व्यवस्था के तहत कार्य करने की तैयारियां शुरू हो गई है। एक स्मार्ट लैब स्थापित करने की तैयारी है। इसमें चार कंप्यूटर आपरेटर तैनात किए जाएंगे। हालांकि आपरेटर विभागीय कर्मचारी नहीं होंगे, क्योंकि इस कार्य के लिए ठेके पर कर्मचारी भर्ती किए गए हैं। विभाग में स्टाफ कमी और कार्य की अधिकता को देखते हुए शासन स्तर पर यह निर्णय लिया गया। स्मार्ट डीएल बनवाने के लिए सभी प्रक्रियाएं पहले जैसी ही होंगी, लेकिन अब उन्हें लाइसेंस प्राप्त करने के लिए लंबा इंतजार नहीं करना पड़ेगा। महज 15 दिन के भीतर आवेदक के पते पर स्मार्ट डीएल की डिलिवरी हो जाएगी।
इस संबंध में उप संभागीय परिवहन अधिकारी बीएल तिवारी का कहना है कि इससे फर्जी डीएल बनने बंद हो जाएंगे। उन्होंने कहा कि पहले लाइसेंस कागज के होते थे, जिनके फटने का भय बना रहता था। अब लाइसेंस फाइबर टच के होंगे, जिनके खराब होने का डर नहीं होगा। लाइसेंस खो जाने पर तत्काल दूसरी प्रति निकाली जा सकेगी। स्मार्ट डीएल में लगे बायोमैट्रिक चिप, डिजिटल सिग्नेचर और इलेक्ट्रानिक स्टैंपिंग के माध्यम से आवेदकों की सूची हर समय आनलाइन होगी।
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ऐसे जारी होगा स्मार्ट लाइसेंस
लाइसेंस के लिए आवेदन करने के लिए फार्म फिलप होने के बाद स्मार्ट लैब में आवेदक की इंट्री कराई जाएगी। एक नंबर खिड़की पर आवेदक के फार्म और फीस जमा किए जाएंगे। दो नंबर पर आवेदक के डिजिटल हस्ताक्षर लिए जाएंगे और तीन नंबर खिड़की पर आवेदक की बायोमेट्रिक जांच की जाएगी। चार नंबर खिड़की से आवेदक को एक रसीद उपलब्ध कराई जाएगी, जिसमें यह उल्लेख होगा कि आवेदक को कब तक लाइसेंस उपलब्ध होगा।

लर्निंग लाइसेंस की बदलेगी सूरत
स्मार्ट डीएल कार्ड योजना शुरू होने के बाद लर्निंग लाइसेंस की सूरत भी बदल जाएगी। लर्निंग लाइसेंस के आवेदकों को भी अब कंप्यूटरीकृत प्रति उपलब्ध कराई जाएगी। पहले मिलने वाले लाइसेंस हस्तलिखित होते थे, लेकिन सारथी परियोजना में सहूलियत के लिए इसे कंप्यूटरीकृत उपलब्ध कराने की व्यवस्था की गई है।
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