सुल्तानपुर। शहर के बाधमंडी चौराहे के निकट बुधवार की दोपहर निर्माणाधीन कांप्लेक्स के अंडर ग्राउंड फ्लोर में काम के दौरान मिट्टी ढहने से कुछ मजदूर दब गए। पुलिस और फायर विभाग की टीम ने तीन मजदूरों को बाहर निकाला लेकिन तब तक दो की मौत हो चुकी थी जबकि तीसरा घायल मिला। घायल मजदूर को जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है। मिट्टी में अभी दो मजदूरों के दबे होने का अंदेशा जताया जा रहा है।
कोतवाली नगर क्षेत्र के बाधमंडी निवासी स्व. सिद्दीक की पत्नी शकीला, पुत्र दारा व शाहिद के नाम से बाधमंडी चौराहे से करीब 50 मीटर की दूरी पर सड़क किनारे कांप्लेक्स का निर्माण चल रहा है। बुधवार की दोपहर करीब आठ मजदूर ग्राउंड फ्लोर में लोहे की सरिया के सांचे में छल्ला बांध रहे थे। अचानक मिट्टी मजदूरों पर भर-भराकर कर गिरी। इस दौरान दो तीन मजदूर भाग निकले जबकि अन्य मलबे के नीचे दब गए। देखते ही देखते आस-पास के लोग वहां एकत्र हो गए और घटना की सूचना पुलिस अधिकारियों को दी। सूचना पाते ही एएसपी कमलेश दीक्षित, एसडीएम श्रीराम यादव, सीओ सिटी सिद्घार्थ, नगर कोतवाल वीपी सिंह, अग्निशमन अधिकारी कैलाश चंद्रा के साथ घटना स्थल पर पहुंच गए। दमकल कर्मियों ने मलबे को हटाने के लिए रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया। करीब डेढ़ बजे मजदूर राम बहादुर (26) पुत्र बाबूलाल निवासी बिहारीगंज थाना गौरीगंज जिला अमेठी को टीम ने जिंदा बचा लिया। राम बहादुर को मामूली चोटें आई थीं। उसके बाद टीम ने मजदूर लल्लू (32) निवासी विवेक नगर करौंदिया थाना कोतवाली नगर और पंकज श्रीवास्तव (28) पुत्र रामजी निवासी अलीमुद्दीनपुर थाना अखंडनगर के शव बाहर निकाले। घायल राम बहादुर ने पुलिस अधिकारियों को जानकारी दी कि अभी मलबे में मिस्त्री अच्छेलाल व उसका चचेरा भाई राजकुमार दबे हैं। टीम मलबे को हटा रही थी कि एक बार फिर शाम करीब छह बजे मिट्टी की दीवार ढह गई। इसकी वजह से थोड़ी देर के लिए बचाव कार्य बंद करना पड़ा।