एप डाउनलोड करें
विज्ञापन

सीसैट का विरोध ः परीक्षा का बहिष्कार, जलाए प्रवेशपत्र

Varanasi Updated Tue, 26 Aug 2014 05:30 AM IST
विज्ञापन
विज्ञापन

Next Article

वाराणसी। संघ लोक सेवा आयोग की परीक्षा में सीसैट की अनिवार्यता के विरोध में रविवार को बीएचयू के छात्र सड़क पर उतर आए। छात्रों ने परीक्षा का बहिष्कार जुलूस निकाला और बीएचयू गेट पर प्रवेशपत्रों की प्रतियां जलाकर प्रदर्शन किया। इस दौरान संघ लोक सेवा आयोग (यूपीएससी) का पुतला फूंकने से रोकने पर उनकी पुलिस से बहस हुई। शहर के 24 केंद्रों पर परीक्षा के लिए 11783 अभ्यर्थी बुलाए गए थे, जिनमें 50 फीसदी ने परीक्षा छोड़ दी।
विज्ञापन
विज्ञापन

परीक्षा का बहिष्कार कर प्रवेशपत्र फूंकने वाले छात्रों का कहना था कि यूपीएससी की निरंकुशता पर हर हाल में रोक लगाई जानी चाहिए। चेतावनी दी कि जब तक सीसैट को हटाया नहीं जाता तब तक देशव्यापी विरोध जारी रहेगा। बीएचयू के शोध छात्र विजय कुमार मिश्र का कहना था कि विरोध सिर्फ अंग्रेजी भाषा का नहीं है बल्कि सीसैट का है, जो अभ्यर्थियों के बीच खाई पैदा कर रहा है। जयदेव पांडेय ने कहा कि केंद्र सरकार दो महीने से छात्रों को अंधेरे में रखे हुए है, जो दुर्भाग्यपूर्ण है। इसमें दीपक कुमार शुक्ल, ओम शुक्ल, प्रभात मिश्र, सचिन पटेल, रामजी पांडेय, रजत, मोहित, विनोद शामिल थे। वहीं, एडीएम सिटी एमपी सिंह ने बताया कि परीक्षा शांतिपूर्ण संपन्न हुई। इसमें 50 फीसदी अभ्यर्थी उपस्थित रहे। मेटल डिटेक्टर से जांच करने के बाद ही परीक्षार्थियों को केंद्र में प्रवेश करने दिया गया। केंद्रों पर हिंदी अनुवाद वाले प्रश्नों के उत्तर देने के संबंध में सूचना भी चस्पा कर दी गई थी। हालांकि रामापुरा विपिन बिहारी चक्रवर्ती कन्या इंटर कालेज में महिला अभ्यर्थी बैग अपने साथ अंदर ले जाना चाहती थी जबकि सुरक्षाकर्मी रोक रहे थे। इसको लेकर कुछ देर किचकिच हुई। मजिस्ट्रेट के निर्देश पर जांच करने के बाद अभ्यर्थी को बैग अंदर ले जाने की अनुमति दी गई।
विज्ञापन
Next
एप में पढ़ें