वाराणसी। गंगा निर्मलीकरण अभियान को पूरा करने में एक दशक से ज्यादा समय लग सकता है लेकिन इसका असर अगले तीन सालों में ही दिखने लगेगा। गंगा पहले से अधिक साफ दिखाई देगी। यह बात केंद्रीय जल स्रोत, नदी विकास एवं गंगा पुनरुद्धार मंत्री उमा भारती ने बुधवार की शाम दशाश्वमेध घाट पर मीडिया से बातचीत में कही।
गंगा घाट पहुंचीं केंद्रीय मंत्री ने सबसे पहले गंगा का दर्शन-पूजन किया। अपने ऊपर गंगाजल छिड़का फिर घाट पर मौजूद मां गंगा की प्रतिमा की आरती उतारी। इस दौरान आर्य महिला कालेज की छात्राओं ने कॉलेज से मिले गंगा प्रदूषण के प्रोजेक्ट फार्म पर केंद्रीय मंत्री के हस्ताक्षर लिए। उमा ने विश्वनाथ मंदिर के गर्भगृह में षोडषोपचार विधि से पूजा-अर्चना की। उन्होंने ढुंढिराज गणेश, मां अन्नपूर्णा, ज्ञानवापी के पास नंदी के सामने भी सिर नवाया।