गोपेश्वर। दशोली ब्लाक के ग्रामीण क्षेत्रों में जंगली सूअर ग्रामीणों के लिए परेशानी का सबब बने हैं। ब्लाक के कई गांवों के ग्रामीण सुअरों से परेशान हैं। इन दिनों खेतों में गेहूं की फसल खड़ी है और जंगली सूअर दिन ढलते ही खेतों में आकर फसल को रौंद रहे हैं। ग्राम पंचायत नैल, कुड़ाव, देवर-खडोरा, कुजौं-मैकोट, हाट, जैसाल, बेमरु, डुमक, उर्गम, डुुंगरी, छिनका और मठ क्षेत्र में ग्रामीण रातभर खेतों में वाद्य यंत्र ढोल-दमाऊं बजाकर सुअरों को जंगल की ओर खदेड़ रहे हैं।
क्षेत्र पंचायत सदस्य सीमा असवाल, देवर गांव के उपप्रधान सैन सिंह रावत, मनोज रावत, हरीश, संगीता और देवेश्वरी देवी का कहना है कि कई बार वन विभाग के अधिकारियों से वन्य जीवों से निजात दिलाने की मांग की गई, लेकिन ग्रामीणों की मांग को अनसुना किया जा रहा है। सुअरों के डर के कारण महिलाएं जंगल भी झुंड बनाकर जा रही हैं। इधर, केदारनाथ वन्य जीव प्रभाग के डीएफओ अमित कंवर का कहना है कि प्रभावित क्षेत्र में ग्रामीणों को सुअरों को मारने की अनुमति दे दी गई है। यदि ग्रामीण सुअरों को नहीं मार पा रहे हैं, तो क्षेत्र में वन कर्मियों की टीम भेजी जाएगी।