चंपावत। राज्य में आपदा का दौर चल रहा है। लेकिन कुछ अधिकारी सख्त निर्देशों के बावजूद मनमानी नहीं छोड़ रहे हैं। गत 18 जून को हुई जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण की बैठक में जिलाधिकारी ने इस आशय के सख्त निर्देश जारी किए थे कि मानसून सीजन में कोई भी अधिकारी बिनी अनुमति के मुख्यालय नहीं छोड़ेगा और अपने मोबाइल फोन को हर समय ऑन करके रखेगा। कई अधिकारियों ने डीएम के इस आदेश को हवा में उड़ा दिया है।
जिलाधिकारी कार्यालय की ओर से अब दोबारा सर्कुलर जारी किया गया है। जिसमें कहा गया है कि मानसून सीजन में किसी भी अधिकारी को बिना डीएम की अनुमति के मुख्यालय छोड़ने की इजाजत नहीं होगी। उसे अपना मोबाइल फोन किसी भी समय स्विच ऑफ नहीं करना होगा। जिलाधिकारी दीपेंद्र चौधरी ने कहा है कि यदि अधिकारियों ने इस आदेश का पालन नहीं किया तो उनके खिलाफ कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। यह आदेश फिर से सभी विभागों को जारी कर दिए गए हैं। साथ ही यह भी जानकारी मांगी गई है कि संबंधित विभागाध्यक्ष मुख्यालय में मौजूद है या नहीं।
चंपावत जिला हालांकि आपदा की दृष्टि से अधिक संवेदनशील नहीं है। फिर भी राज्य के विभिन्न हिस्सों में आकस्मिक रूप से आ रही आपदा को देखते हुए शासन ने सभी जिलाधिकारियों को सतर्क रहने के आदेश दिए हैं। अब देखना है कि डीएम के ताजा आदेश का अफसरों पर कितना असर पड़ता है।