हल्द्वानी। सेना पंतनगर में भी अपनी यूनिट खोलने की तैयारी कर रही है। पंतनगर में हवाई अड्डे से सटी वन भूमि के हस्तांतरण का प्रस्ताव तैयार किया जा रहा है।
चीन की चुनौतियों को देखते हुए सेना पंतनगर में ‘साटा बैट्री’ नाम से एक यूनिट स्थापित करने की तैयारी कर रही है। करीब तीन महीने पहले सेना और वन विभाग (तराई केंद्रीय वन प्रभाग) के उच्चाधिकारियों ने यूनिट के लिए जमीन का संयुक्त निरीक्षण किया था। सूत्रों के अनुसार सेना को पंतनगर हवाई अड्डे से सटी वन भूमि पसंद आई है। जरूरत पड़ने पर सेना इस हवाई अड्डे और संसाधन का इस्तेमाल अपने काम में कर सकेगी। सूत्रों के अनुसार सेना यहां पर जंगलात से करीब 30 हेक्टेयर वन भूमि चाहती है। इसका प्रस्ताव तैयार किया जा रहा है।
हवाई अड्डे का भी होगा विस्तारीकरण
हल्द्वानी। पंतनगर हवाई अड्डे पर बड़े जहाज उतर सकेंगे। हवाई अड्डे के विस्तार के लिए केंद्रीय वन मंत्रालय से करीब 15 हेक्टेयर वन भूमि देने को जारी हो गया है। प्रयोक्ता एजेंसी ने भूमि को लेकर एनपीवी, पौधरोपण के लिए राजस्व भूमि खरीद कर जंगलात को सौंप दी है। बस अंतिम औपचारिकता पूरी होनी बाकी है।
बनबसा में भूमि होगी हस्तांतरित
हल्द्वानी। सुरक्षा की दृष्टि से 1960 में बनबसा के पास बार्डर पर सेना ने अपना सेटअप बनाया। इस समय सेना के पास करीब 236 हेक्टेयर वन भूमि है। इस भूमि के जंगलात से सेना को हस्तांतरण की प्रक्रिया चल रही है। इसी के तहत पश्चिम वृत्त वन संरक्षक विवेक पांडे और प्रभागीय वनाधिकारी प्रसन्न पात्रों ने बनबसा पहुंच निरीक्षण किया। डीएफओ पात्रों के अनुसार जल्द प्रक्रिया पूरी कर ली जाएगी।