पौड़ी। सरकारी सस्ते गल्ले की दुकानें अब जल्द ही हाईटेक हो जाएंगी। पौड़ी व कोटद्वार की 200 सरकारी सस्ते गल्ले की दुकानों को लैपटॉप, प्रिंटर, बायोमीट्रिक स्कैनर व नेट कनेक्टिविटी से जोड़ा जा रहा है। दुकानों पर यह व्यवस्था होने के बाद राशन कार्ड धारकों की बायोमीट्रिक स्कैन के बाद ही राशन आवंटित की जाएगी। खाद्यान्न की कालाबाजारी रोकने के लिए यह पहल की जा रही है।
राशन की कालाबाजारी रोकने की दिशा में अब शीघ्र ही राशन की दुकानों को हाईटेक करने की योजना चल रही है। पहले चरण में पौड़ी के 120 व कोटद्वार की 80 दुकानों में बायोमीट्रिक स्कैनर के जरिए राशन कार्ड धारक की पहचान की जाएगी। राशन डीलरों को सीएससी आईडी दी जाएगी और वे इस आईडी का इस्तेमाल उपभोक्ता की पहचान के लिए करेंगे। जिला पूर्ति अधिकारी जगदीश वर्मा ने बताया कि इस बारे में खाद्यान्न निरीक्षकों व सीएससी प्रबंधकों की बैठक आयोजित हो चुकी है। बैठक में सीएससी प्रबंधक मनोज नैथानी ने डीलरों को बताया कि लैपटॉप, प्रिंटर, बायोमीट्रिक स्कैनर व नेट कनेक्टिविटी सीएससी उपलब्ध करवाएगी। वर्मा ने बताया कि योजना तैयार कर ली गई और अगले माह से इस पर कार्य आरंभ दिया जाएगा। जांच में सामने आया है कि कई उपभोक्ताओं के पास प्रवास कर चुके लोगों के राशन कार्ड भी हैं और ऐसे में बाहर रह रहे लोगों की राशन का वे उपभोग कर रहे हैं। बायोमीट्रिक स्कैन के बाद यह सब समाप्त हो जाएगा।