घनसाली (टिहरी)। मनरेगा के तहत नहर, हौज निर्माण, पेयजल योजना मरम्मत और सीसी मार्ग के निर्माण कार्यों में गबन के आरोपी आर्स के ग्राम प्रधान को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। इसी गांव के व्यक्ति ने ग्राम प्रधान और ग्राम विकास अधिकारी पर गबन का आरोप में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। ग्राम विकास अधिकारी ने इस मामले में न्यायालय से स्टे ले लिया है।
भिलंगना ब्लाक के आर्स गांव में वर्ष 2009 से 2011 के बीच अलग-अलग निर्माण कार्यो के लिए मनरेगा के तहत 15 लाख की धनराशि जारी की गई थी। इस राशि से कई काम कराने का दावा किया गया। गांव के ही गब्बर सिंह की शिकायत पर सीडीओ ने खंड विकास अधिकारी से मामले की जांच कराई थी जिसमें हौज, सीसी मार्ग और नहर निर्माण में अनियमितताएं पाई गई। पेयजल योजना निर्माण में कोई भी धनराशि खर्च नहीं होनी पाई गई।
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खंड विकास अधिकारी ने जांच रिपोर्ट में ग्राम प्रधान प्यार सिंह और ग्राम विकास अधिकारी बलवीर लाल से 12 लाख 80 हजार 612 रुपये की वसूली करने की संस्तुति की थी लेकिन उन्होंने धनराशि जमा नहीं कराई। मामले में गब्बर सिंह ने 28 जुलाई को दोनों के खिलाफ गबन का मुकदमा दर्ज कराया था। ग्राम विकास अधिकारी अपनी गिरफ्तारी के खिलाफ स्टे ले आया जबकि ग्राम प्रधान प्यार सिंह को मंगलवार को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। थानाध्यक्ष आरएस रावत के अनुसार गिरफ्तारी के समय ग्राम प्रधान न्यायालय मेें आत्मसमर्पण करने जा रहा था। पुलिस ने उसे कोर्ट मेें पेश किया जहां से उसे जेल भेज दिया गया।