उत्तरकाशी/बड़कोट। यमुनोत्री राजमार्ग पर बेमौसम कराया गया डामरीकरण जगह-जगह से उखड़ने लगा है। ऐसे में राजमार्ग पर गड्ढे होने से वाहनों की आवाजाही मुश्किल बनी है। राजमार्ग निर्माण खंड के अभियंता भी इस दिक्कत को स्वीकारते हुए ठेकेदार का भुगतान न करने की बात कह रहे हैं।
आपदा में बदहाल यमुनोत्री हाईवे को दुरुस्त करने के नाम पर ठेकेदारों ने नवंबर-दिसंबर माह में बड़कोट दोबाटा तथा ब्रह्मखाल के निकट डामरीकरण कराया। विभागीय मानकों के अनुसार इस मौसम में डामरीकरण नहीं कराया जा सकता, क्योंकि तापमान कम होने के कारण डामर जमीन से पकड़ नहीं बना पाता और शीघ्र उखड़ जाता है। अमर उजाला की ओर से इस संबंध में खबरें प्रकाशित करने पर विभाग ने डामरीकरण रुकवा दिया था। अभी एक माह भी पूरा नहीं हुआ और डामरीकरण उखड़ने लगा है। रोजाना दुपहिया वाहन यहां रपट रहे हैं। विभाग के मजदूर उखड़ा डामरीकरण साफ करने में जुटे हैं। गेंवला ब्रह्मखाल के सामाजिक कार्यकर्ता महावीर रावत ने बेमौसम कराए गए डामरीकरण पर रोष जताते हुए इसकी जांच कराने की मांग की है। एनएच बड़कोट के सहायक अभियंता विनोद प्रसाद डोबरियाल ने बताया कि बेमौसम डामरीकरण की शिकायत मिलने पर काम बंद करा दिया गया था। यह डामरीकरण उखड़ने की शिकायतें मिल रही हैं। विभाग इस निम्न गुणवत्ता के कार्य का भुगतान नहीं करेगा।