मारुति के बाद अब ह्यूंदै ने भी दिया झटका: 1 जून से महंगी हो जाएंगी कारें, जानिए कितने बढ़ेंगे दाम
Hyundai Price Hike: ह्यूंदै इंडिया ने जून 2026 से अपनी गाड़ियों की कीमतों में बढ़ोतरी करने का एलान किया है। कंपनी के अनुसार, कीमतों में अधिकतम 12,800 रुपये तक की बढ़ोतरी होगी, जो मॉडल और वेरिएंट के हिसाब से अलग-अलग होगी।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
अगर आप नई कार खरीदने का प्लान बना रहे हैं तो अपना बजट थोड़ा बढ़ा लीजिए। मारुति सुजुकी के बाद अब ह्यूंदै ने भी अपनी गाड़ियों की कीमतें बढ़ाने का एलान कर दिया है। 1 जून 2026 से ह्यूंदै के शोरूम से कार घर लाना आपको थोड़ा और महंगा पड़ेगा।
कितनी बढ़ेंगी कीमतें?
अगर आप नई कार खरीदने का प्लान बना रहे हैं, तो अपना बजट थोड़ा बढ़ा लीजिए। मारुति सुजुकी के बाद अब ह्यूंदै ने भी अपनी कारों की कीमतें बढ़ाने का एलान कर दिया है। स्टॉक एक्सचेंज को दी गई जानकारी के मुताबिक, ह्यूंदै अपनी गाड़ियों की कीमतों में अधिकतम 12,800 रुपये तक का इजाफा करने जा रही है, जो 1 जून 2026 से लागू होगा। हालांकि, यह बढ़ोतरी सभी मॉडल्स पर एक समान नहीं होगी, बल्कि आपके के जरिए चुने गए मॉडल और उसके वेरिएंट के हिसाब से इसमें बदलाव होगा।
गौर करने वाली बात यह है कि ह्यूंदै ने यह फैसला अचानक नहीं लिया है। कंपनी ने पहले 8 अप्रैल को ही कीमतें बढ़ाने की घोषणा कर दी थी, लेकिन उस समय मार्केट के हालात और ग्राहकों की सहूलियत को ध्यान में रखते हुए इस फैसले को टाल दिया गया था। अब कंपनी ने स्पष्ट किया है कि वे इसे 1 जून से अनिवार्य रूप से लागू करने जा रहे हैं।
आखिर क्यों बढ़ रहे हैं दाम?
आखिर कारें महंगी क्यों हो रही हैं? इसके पीछे कंपनी ने सीधा सा कारण लागत का बढ़ना बताया है। ह्यूंदै के मुताबिक, कच्चा माल यानी कमोडिटी लगातार महंगी होती जा रही है और कारों को बनाने से लेकर कंपनी को चलाने तक का ऑपरेशनल खर्च काफी बढ़ गया है। कंपनी का कहना है कि उन्होंने अपनी तरफ से लागत को काबू में रखने की पूरी कोशिश की है, लेकिन खर्च का दबाव इतना ज्यादा है कि अब मजबूरी में इसका एक हिस्सा 'मामूली बढ़ोतरी' के तौर पर ग्राहकों तक पहुंचाना ही पड़ रहा है।
मारुति सुजुकी भी कर चुकी है एलान
महंगाई की यह मार सिर्फ ह्यूंदै तक ही सीमित नहीं है। कुछ दिन पहले देश की सबसे बड़ी कार कंपनी मारुति सुजुकी ने भी एलान किया था कि जून 2026 से उनकी कारों की कीमतें भी 30 हजार रुपये तक बढ़ जाएंगी। मारुति ने भी इसके पीछे इनपुट कॉस्ट और महंगाई को मुख्य वजह बताया है। कंपनी का कहना है कि उन्होंने पिछले कई महीनों से खर्च कम करने के तमाम उपाय किए। लेकिन अब लागत का कुछ बोझ ग्राहकों पर डालना अनिवार्य हो गया है।
कुल मिलाकर देखें तो इस वक्त ऑटोमोबाइल सेक्टर में कच्चा माल और ट्रांसपोर्टेशन का खर्च कंपनियों पर काफी भारी पड़ रहा है। अपना मार्जिन सुरक्षित रखने की कोशिश में कार निर्माता अब धीरे-धीरे इस बढ़े हुए खर्च का बोझ ग्राहकों की जेब तक शिफ्ट कर रहे हैं।