J&K: पैलेट गन से मरने और घायल होने वालों का जुटाया जा रहा है डाटा, ये है वजह
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जम्मू कश्मीर में 1036 निजी और सरकारी भवन सुरक्षा बलों के कब्जे में हैं। इसमें चार स्कूल, चार कालेज तथा एक हास्टल शामिल है। यह जानकारी विधानसभा में इंजीनियर अब्दुल रशीद के प्रश्न के लिखित जवाब में गृह मंत्री की ओर से दी गई है।
इसके साथ ही स्कास्ट वाडूरो सोपोर के छोटे हिस्से पर भी सुरक्षा बल का कब्जा है। इसे खाली कराने के लिए कोई समय सीमा निर्धारित नहीं की गई है।विधायक एजाज अहमद मीर के प्रश्न के लिखित जवाब में ग्रामीण विकास मंत्री की ओर से बताया गया है कि कश्मीर हिंसा के दौरान 23 पंचायत घरों को नुकसान पहुंचाया गया है।
इनमें पुलवामा में पांच, कुलगाम में पांच, गांदरबल में एक, शोपियां में चार तथा अनंतनाग जिले में आठ पंचायत हैं। जिले के अधिकारियों को इनका इस्टीमेट बनाने कोे कहा गया है।
हिंसा के दौरान घायलों का जुटाया जा रहा है डाटा
विधायक गुलजार अहमद वानी के प्रश्न के लिखित जवाब में गृह मंत्री ने बताया कि कश्मीर हिंसा के दौरान पेलेट गन से मरने वालों, घायल होने वालों तथा जिनकी आंखों की रोशनी चली गई है, उसका डाटा एकत्र किया जा रहा है।
पुलिस और सीआरपीएफ की ओर से कुछ घरों को नुकसान पहुंचाए जाने की रिपोेर्ट नहीं है। न ही इस प्रकार की कोई शिकायत मिली है। कुछ मीडिया रिपोर्ट हैं जिनकी पड़ताल की जानी है।