खुशखबरीः एक कदम और आगे बढ़ी लखनऊ मेट्रो
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मेट्रो ने आकार लेना शुरू कर दिया है। मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने रविवार को बटन दबाकर ट्रांसपोर्ट नगर में प्रस्तावित स्टेशन के पास बने पहले पिलर पर पियर कैप रखा।
अब इसके ऊपर गर्डर रखे जाएंगे, फिर पटरी बिछाने का काम शुरू होगा। राजधानी की मेट्रो रेल परियोजना को दिसंबर 2016 तक पूरा करने का लक्ष्य है।
परियोजना के नार्थ-साउथ कॉरिडोर के अंतर्गत अमौसी हवाई अड्डे के निकट ट्रांसपोर्ट नगर से चारबाग के बीच मेट्रो का काम तेजी से चल रहा है।
मुख्यमंत्री ने प्रमुख सचिव आवास सदाकांत व एलएमआरसी के अफसरों को आश्वस्त किया कि काम में बाधा नहीं आने देंगे। सीएम के साथ राजनैतिक पेंशन मंत्री राजेंद्र चौधरी व एलएमआरसी के अधिकारी भी थे।
सबसे पहले इन इलाकों में दौड़ेगी मेट्रो
मेट्रो रेल का पियर कैप को आरसीसी की ढलाई कर तैयार किया जाता है। यहां प्रयोग किया जा रहा पियर कैप 9.3 मीटर लंबा, 2.8 मीटर चौड़ा और दो मीटर ऊंचा है। हर पियर कैप का वजन करीब 71 टन है। इसे अत्याधुनिक मशीनों द्वारा पिलर्स पर रखा जाता है।
मेट्रो रेल परियोजना के नार्थ-साउथ कॉरिडोर के अंतर्गत अमौसी हवाई अड्डे के निकट ट्रांसपोर्ट नगर से चारबाग के बीच सबसे पहले मेट्रो दौड़ेगी। यह कॉरिडोर एलिवेटेड व करीब आठ किलोमीटर लंबा है।
इस पर ट्रांसपोर्ट नगर, कृष्णानगर, सिंगार नगर, आलमबाग, आलमबाग बस अड्डा, मवैया, दुर्गापुरी व चारबाग स्टेशन बनाए जाएंगे। पहले खंड पर करीब 2000 करोड़ रुपये की लागत आएगी।