{"_id":"6a2aa7dc2817b2b8da0af010","slug":"fir-against-3-people-including-shg-group-president-in-the-case-of-soil-filled-wheat-bags-sagar-news-c-1-1-noi1338-4382638-2026-06-11","type":"story","status":"publish","title_hn":"MP News: गेहूं खरीदी का बड़ा घोटाला, बोरियों में गेहूं की जगह मिट्टी और कंकड़; विभाग में मचा हड़कंप","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
MP News: गेहूं खरीदी का बड़ा घोटाला, बोरियों में गेहूं की जगह मिट्टी और कंकड़; विभाग में मचा हड़कंप
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, सागर
Published by: सागर ब्यूरो
Updated Fri, 12 Jun 2026 03:09 PM IST
विज्ञापन
सार
सागर में समर्थन मूल्य पर गेहूं खरीदी में बड़ा घोटाला सामने आया है। वेयरहाउस में रखी कुछ बोरियों में गेहूं की जगह मिट्टी और कंकड़ मिले।
कार्रवाई करती हुई टीम
- फोटो : Amar Ujala
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विज्ञापन
विस्तार
सागर जिले में समर्थन मूल्य पर चल रही सरकारी गेहूं खरीदी प्रणाली में एक बेहद चौंकानें वाला बड़ा घोटाला सामने आया है। यहां उपार्जन केंद्र से वेयरहाउस (गोदाम) भेजे गए गेहूं के बोरों में अनाज की जगह मिट्टी और कंकड़-पत्थर भरे मिले हैं। इस 'मिट्टी घोटाले' के उजागर होते ही प्रशासनिक हलके और खाद्य विभाग में हड़कंप मच गया है।
मामले को गंभीरता से लेते हुए कलेक्टर और प्रशासनिक अधिकारियों के निर्देश पर पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस ने गेहूं की जगह मिट्टी से भरी बोरियां ठिकाने लगाने के आरोप में उपार्जन समिति 'हर्षिका स्व सहायता समूह' की अध्यक्ष समेत तीन लोगों के खिलाफ नामजद एफआईआर (FIR) दर्ज कर ली है।
वेयरहाउस में जांच के दौरान खुली पोल
जानकारी के अनुसार, यह पूरा जालसाजी का खेल तब सामने आया जब वेयरहाउस में रखे गए गेहूं के नए स्टॉक का औचक निरीक्षण और वजन की जांच की जा रही थी। अधिकारियों को कुछ बोरियों के वजन और उनकी बनावट पर संदेह हुआ। जब संदेह के आधार पर इन बोरियों को खोलकर देखा गया, तो वहां मौजूद अधिकारी और कर्मचारी दंग रह गए। बोरियों के अंदर गेहूं की एक कणी तक नहीं थी, बल्कि उनमें साफ तौर पर भारी मात्रा में मिट्टी और कंकड़ भरे हुए थे।
विज्ञापन
धोखाधड़ी सामने आने पर अधिकारियां को लिखित रिपोर्ट सौंपी
जांच में इतनी बड़ी धोखाधड़ी सामने आने के बाद संबंधित विभाग के अधिकारियों ने तुरंत वरिष्ठ अधिकारियों को इसकी लिखित रिपोर्ट सौंपी। इसके बाद प्रशासनिक निर्देशों के तहत तत्काल प्रभाव से आरोपियों के खिलाफ थाने में शिकायत दर्ज कराई गई।
लापरवाही और धोखाधड़ी का केस दर्ज, जांच शुरू
पुलिस के मुताबिक, प्रारंभिक जांच और खाद्य विभाग से मिली रिपोर्ट के आधार पर उपार्जन कार्य में घोर लापरवाही, अमानत में खयानत और शासन के साथ सीधे तौर पर धोखाधड़ी के पुख्ता संकेत मिले हैं। इसी आधार पर 'हर्षिका स्व सहायता समूह' की अध्यक्ष और दो अन्य सहयोगियों (कुल तीन आरोपियों) के खिलाफ विभिन्न गंभीर धाराओं में प्रकरण दर्ज किया गया है। पुलिस अब आरोपियों की धरपकड़ और इस घोटाले से जुड़े अन्य कड़ियों को जोड़ने में जुट गई है।
अन्य उपार्जन समितियां भी रडार पर, बढ़ेगी सख्ती
पूरे मामले की विस्तृत और बारीकी से जांच कराई जा रही है। यह सीधे तौर पर किसानों के हक और सरकारी खजाने के साथ बड़ी धोखाधड़ी है। इस नेक्सस (साठगांठ) में जो भी अधिकारी, कर्मचारी या बिचौलिया शामिल पाया जाएगा, उसके खिलाफ सख्त से सख्त दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी।
ये भी पढ़ें- RS Poll Row: कांग्रेस नेता नटराजन को सुप्रीम कोर्ट से राहत नहीं, चुनाव याचिका दायर करने का विकल्प अभी भी कायम
उपार्जन समितियों की कार्यप्रणाली सवाल खड़े किए
स्व सहायता समूहों को सरकार द्वारा आत्मनिर्भर बनाने और पारदर्शिता बढ़ाने के लिए उपार्जन का काम सौंपा जाता है, लेकिन इस हाई-प्रोफाइल घोटाले के सामने आने के बाद अब जिले की अन्य उपार्जन समितियों की कार्यप्रणाली पर भी गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। सूत्रों की मानें तो प्रशासन अब जिले के अन्य सभी उपार्जन केंद्रों और वेयरहाउसों में जमा किए गए स्टॉक की रैंडम जांच कराने की तैयारी में है, जिससे आने वाले दिनों में कुछ और बड़े खुलासे होने की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता।
मामले को गंभीरता से लेते हुए कलेक्टर और प्रशासनिक अधिकारियों के निर्देश पर पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस ने गेहूं की जगह मिट्टी से भरी बोरियां ठिकाने लगाने के आरोप में उपार्जन समिति 'हर्षिका स्व सहायता समूह' की अध्यक्ष समेत तीन लोगों के खिलाफ नामजद एफआईआर (FIR) दर्ज कर ली है।
विज्ञापन
विज्ञापन
वेयरहाउस में जांच के दौरान खुली पोल
जानकारी के अनुसार, यह पूरा जालसाजी का खेल तब सामने आया जब वेयरहाउस में रखे गए गेहूं के नए स्टॉक का औचक निरीक्षण और वजन की जांच की जा रही थी। अधिकारियों को कुछ बोरियों के वजन और उनकी बनावट पर संदेह हुआ। जब संदेह के आधार पर इन बोरियों को खोलकर देखा गया, तो वहां मौजूद अधिकारी और कर्मचारी दंग रह गए। बोरियों के अंदर गेहूं की एक कणी तक नहीं थी, बल्कि उनमें साफ तौर पर भारी मात्रा में मिट्टी और कंकड़ भरे हुए थे।
धोखाधड़ी सामने आने पर अधिकारियां को लिखित रिपोर्ट सौंपी
जांच में इतनी बड़ी धोखाधड़ी सामने आने के बाद संबंधित विभाग के अधिकारियों ने तुरंत वरिष्ठ अधिकारियों को इसकी लिखित रिपोर्ट सौंपी। इसके बाद प्रशासनिक निर्देशों के तहत तत्काल प्रभाव से आरोपियों के खिलाफ थाने में शिकायत दर्ज कराई गई।
लापरवाही और धोखाधड़ी का केस दर्ज, जांच शुरू
पुलिस के मुताबिक, प्रारंभिक जांच और खाद्य विभाग से मिली रिपोर्ट के आधार पर उपार्जन कार्य में घोर लापरवाही, अमानत में खयानत और शासन के साथ सीधे तौर पर धोखाधड़ी के पुख्ता संकेत मिले हैं। इसी आधार पर 'हर्षिका स्व सहायता समूह' की अध्यक्ष और दो अन्य सहयोगियों (कुल तीन आरोपियों) के खिलाफ विभिन्न गंभीर धाराओं में प्रकरण दर्ज किया गया है। पुलिस अब आरोपियों की धरपकड़ और इस घोटाले से जुड़े अन्य कड़ियों को जोड़ने में जुट गई है।
अन्य उपार्जन समितियां भी रडार पर, बढ़ेगी सख्ती
पूरे मामले की विस्तृत और बारीकी से जांच कराई जा रही है। यह सीधे तौर पर किसानों के हक और सरकारी खजाने के साथ बड़ी धोखाधड़ी है। इस नेक्सस (साठगांठ) में जो भी अधिकारी, कर्मचारी या बिचौलिया शामिल पाया जाएगा, उसके खिलाफ सख्त से सख्त दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी।
ये भी पढ़ें- RS Poll Row: कांग्रेस नेता नटराजन को सुप्रीम कोर्ट से राहत नहीं, चुनाव याचिका दायर करने का विकल्प अभी भी कायम
उपार्जन समितियों की कार्यप्रणाली सवाल खड़े किए
स्व सहायता समूहों को सरकार द्वारा आत्मनिर्भर बनाने और पारदर्शिता बढ़ाने के लिए उपार्जन का काम सौंपा जाता है, लेकिन इस हाई-प्रोफाइल घोटाले के सामने आने के बाद अब जिले की अन्य उपार्जन समितियों की कार्यप्रणाली पर भी गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। सूत्रों की मानें तो प्रशासन अब जिले के अन्य सभी उपार्जन केंद्रों और वेयरहाउसों में जमा किए गए स्टॉक की रैंडम जांच कराने की तैयारी में है, जिससे आने वाले दिनों में कुछ और बड़े खुलासे होने की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता।

कमेंट
कमेंट X