{"_id":"5a1c5ba44f1c1b71548bfb46","slug":"polling-parties-to-reach-booths-today","type":"story","status":"publish","title_hn":"निकाय चुनाव का प्रचार थमा, आज बूथों पर पहुंचेंगी पोलिंग पार्टियां","category":{"title":"Other Archives","title_hn":"अन्य आर्काइव","slug":"other-archives"}}
निकाय चुनाव का प्रचार थमा, आज बूथों पर पहुंचेंगी पोलिंग पार्टियां
अमर उजाला ब्यूरो/ फतेहपुर
Updated Tue, 28 Nov 2017 12:08 AM IST
विज्ञापन
पुलिस लाइन में ब्रीफिंग करते डीएम, एसपी, एएसपी ।
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विज्ञापन
फतेहपुर। निकाय चुनाव के लिए सोमवार की शाम को पांच से चुनाव प्रचार का शोर थम गया। प्रत्याशियों ने वाहन जुलूस व जनसभाएं कर वोटरों को लुभाने का प्रयास करते नजर आए। पुलिस व प्रशासन की प्रत्याशियों की हर गतिविधि पर नजर रही। निर्धारित अवधि के बाद सड़कों पर केवल सरकारी वाहन चुनावी तैयारियाें के मद्देनजर भागमभाग करते दिखाई दिए। मंगलवार को सुबह से ही पोलिंग पार्टियां रवाना होंगी।
Trending Videos
जिले की सदर व बिंदकी नगर पालिका और बहुआ, जहानाबाद, खागा, हथगाम व किशनपुर नगर पंचायत के लिए 29 नवंबर को मतदान होना है। सिंबल मिलने के बाद प्रत्याशियों का प्रचार अभियान तेज हो गया था। इधर, तीन-चार दिनों काफिलों की दौड़, वाहनों की धमा चौकड़ी बढ़ गई थी। सोमवार को प्रत्याशियों ने ताकत दिखाने के लिए जुलूस निकाले। इससे जगह-जगह जाम लगा और पूरे दिन लोग जाम से जूझते दिखे। दलीय, निर्दलीय सभी का यही हाल रहा। वोटरों को साधने की सारी कोशिशें हुईं। सभी वोटरों के दिलों दिमाग पर छा जाने के लिए मशक्कत करते दिखाई दिए। समर्थक भी प्रचार अभियान के आखिरी दिन पूरी जी जान से अपने अपने प्रत्याशियों का टेंपो हाई करते नजर आए। कहीं वाहन जुलूस निकले तो कहीं नुक्कड़ सभाएं हुईं। कलक्टरगंज, पटेल नगर, आईटीआई रोड, वर्मा तिराहा, राधानगर, हरिहरगंज, ज्वालागंज, तहसील रोड, पत्थरकटा और सिविल लाइंस जैसे इलाकों में वाहनों के पहिये जहां का तहां रुकते रहे। चुनाव प्रचार के शोर और जाम से परेशान लोग शाम पांच बजने का इंतजार करते रहे। आखिर यह घड़ी आई और समय पूरा होते ही सड़कें और गलियां चुनावी शोर से शांत हो गईं। चुनाव आचार संहिता को जेहन में रखकर प्रत्याशियों ने बजाय हुजूम के वोटरों से संपर्क करने की बजाय घर-घर पहुंच कर समर्थन की अपील करते देखे गए। पांच बजे के बाद चुनाव प्रचार का शोर तो थम गया लेकिन पुलिस व प्रशासन की गाड़ियाें को शोर अन्य दिनों की अपेक्षा तेज हो गया। अफसर चुनावी तैयारियों का जायजा लेने के लिए पोलिंग बूथ का दौरा करते रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन